"अतीक अहमद को 8 गोलियां लगीं"- पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में और क्या-क्या पता चला?
कसारी-मसारी कब्रिस्तान में अतीक और अशरफ को दफनाया गया.

अतीक अहमद (Atique Ahmed) और उसके भाई अशरफ को प्रयागराज के कसारी-मसारी कब्रिस्तान में 16 अप्रैल को दफना दिया गया. अतीक और उसके भाई अशरफ की 15 अप्रैल की रात प्रयागराज में हत्या कर दी गई थी. मीडियाकर्मी बनकर पहुंचे तीन लोगों ने पुलिस के साथ चल रहे अतीक और अशरफ पर फायरिंग की थी. इस दौरान करीब 18 राउंड गोलियां चली थीं. अतीक और अशरफ के शव की शुरुआती पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आ चुकी है.
अतीक को 8 और अशरफ को 5 गोलियां लगीं16 अप्रैल को अतीक और अशरफ का पोस्टमॉर्टम कराया गया. आजतक के पंकज श्रीवास्तव की खबर के मुताबिक शुरुआती पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में पता चला है कि फायरिंग के दौरान अतीक के शरीर पर 8 गोलियां लगीं. रिपोर्ट के मुताबिक अतीक के सिर, गर्दन, छाती, पेट और कमर पर गोली लगी थी. वहीं अशरफ को 5 गोलियां लगी थीं. अशरफ के गले, पीठ, कलाई, पेट और कमर पर गोली लगी थी. तीन गोलियां शरीर के अंदर लगीं और दो गोलियां आर-पार हो गई थीं.
चार डॉक्टरों के पैनल ने अतीक और अशरफ के शव का पोस्टमॉर्टम किया. पोस्टमॉर्टम की वीडियोग्राफी कराई गई है.
पोस्टमॉर्टम करने वाला पैनल1. डॉ दीपक तिवारी
2. डॉ बृजेश पटेल
3. रविंद्र सिंह (डिप्टी CMO)
4. डॉ दिनेश कुमार सिंह (असिस्टेंट प्रोफेसर, फॉरेंसिक)
5. वीडियोग्राफर- रोहित कनौजिया
पोस्टमॉर्टम के बाद 16 अप्रैल की शाम अतीक और अशरफ के शव कसारी-मसारी कब्रिस्तान लाए गए. अतीक के दोनों नाबालिग बेटों को भी यहां लाया गया था. अतीक के इन दोनों बेटों को बाल सुधार गृह में रखा गया है. वहीं अशरफ की दोनों बेटियां भी कब्रिस्तान पहुंची थीं.
प्रयागराज के कसारी-मसारी कब्रिस्तान के बाहर भारी भीड़ जुटी थी. पुलिस ने सिर्फ कुछ चुनिंदा लोगों को ही अंदर जाने की अनुमति दी. कब्रिस्तान में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे. इस दौरान पुलिस की ओर से बुर्के में आई महिलाओं पर खास नज़र रखी गई. पुलिस को आशंका थी कि शाइस्ता आखिरी बार अपने पति को देखने पहुंच सकती है, हालांकि ऐसा नहीं हुआ.
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वीडियो: अतीक और अशरफ की हत्या के बाद स्थानीय चश्मदीदों ने पुलिस पर क्या गंभीर आरोप लगाए?

