मुरादनगर हादसा : सीएम योगी ने इंजीनियर और ठेकेदार पर रासुका लगाने का आदेश दिया
नुक़सान की भरपाई ठेकेदार और इंजीनियर से ही की जाएगी.
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मुरादनगर श्मशान घाट पर शेड गिर जाने से 24 लोगों की मौत हो गई थी. इसी के बाद सीएम योगी आदित्यनाथ ने सख़्त कार्रवाई के निर्देश दिए हैं.
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गाजियाबाद के मुरादनगर में श्मशान घाट का शेड ढह जाने से 24 लोगों की मौत के मामले में यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ ने बड़ी कार्रवाई की है. सीएम ने घटना के लिए ज़िम्मेदार इंजीनियर और ठेकेदार पर राष्ट्रीय सुरक्षा क़ानून यानी रासुका लगाने का आदेश दिया है. सीएम ने पूरे नुक़सान की वसूली दोषी इंजीनियर और ठेकेदार से करने के भी निर्देश दिए हैं. ठेकेदार अजय त्यागी को ब्लैक लिस्ट करने का भी आदेश दिया है. इसके बाद वो इस तरह का कोई भी कंस्ट्रक्शन नहीं कर सकेगा.
योगी आदित्यनाथ ने इसके अलावा प्रशासनिक स्तर पर भी कार्रवाई की है. ग़ाज़ियाबाद के डीएम और कमिश्नर को नोटिस जारी किया है. पूछा है कि 50 लाख से ऊपर के निर्माण कार्यों का भौतिक सत्यापन करने का स्पष्ट निर्देश सितम्बर में ही दे दिया गया था, तो मुरादनगर में कहां चूक हो गयी?
यूपी सरकार की ओर से मृतक परिवारों को दस-दस लाख की आर्थिक सहायता देने का भी ऐलान किया गया है. इनमें जिन परिवारों के पास घर नहीं हैं, उन्हें आवासीय सुविधा मुहैया करने के भी निर्देश दिए गए हैं.
क्या हुआ था मुरादनगर हादसे में?
मुरादनगर में श्मशान घाट पर 3 जनवरी की सुबह ये हादसा उस वक्त हुआ, जब दिल्ली-NCR में बारिश हो रही थी. पुलिस का कहना है कि मुरादनगर के उखलारसी गांव के रहने वाले जयराम (70) की मृत्यु हो गई थी. उनके परिजन, सगे संबंधी और जानने वाले दाह संस्कार के लिए श्मशान घाट पहुंचे थे. बारिश के कारण ज्यादातर लोग श्मशान घाट में बने 70 फीट लंबे कॉरिडोर में खड़े थे. अंतिम संस्कार के बाद इसी जगह दो मिनट का मौन रखा गया. उसी दौरान शेड की छत भरभरा कर गिर गई. करीब 40 लोग मलबे में दब गए. NDRF की टीम ने करीब 5 घंटे की मशक्कत के बाद लोगों को निकाला. अभी तक 24 लोगों की मौत हो चुकी है.
कितने लोग गिरफ़्तार किए गए?
मुरादनगर श्मशान घाट पर हादसे के मामले में पुलिस ने कुल 4 लोगों को गिरफ्तार किया गया है. इनमें से 3 इंजीनियर हैं, जो शेड को बनाने के जिम्मेदार माने जा रहे हैं, जिसके गिरने से 24 लोगों की मौत हो गई. इस मामले में गैर इरादतन हत्या, सरकारी कर्मचारी द्वारा विश्वास तोड़ने, किसी को चोट पहुंचाने की नीयत से काम करने आदि की धाराओं में केस दर्ज किया गया है. जिन्हें गिरफ्तार किया गया है, उनमें ईओ निहारिका सिंह, जूनियर इंजीनियर चन्दपाल और सुपरवाइजर आशीष शामिल हैं. और इनके अलावा ठेकेदार अजय त्यागी की भी गिरफ़्तारी हो चुकी है.

