The Lallantop
Advertisement
  • Home
  • News
  • france school teacher killed stabbing president emmanuel macron wrote an emotional post on x

फ्रांस में टीचर की चाकू मारकर हत्या, राष्ट्रपति ने 'इस्लामी आतंकवाद' बता क्या अपील की?

फ्रांस के अर्रास शहर में एक 20 साल के लड़के ने चाकू मारकर एक शिक्षक की हत्या कर दी. इसके बाद से पूरे देश में हाई अलर्ट है. अब फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुअल मैक्रॉन ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर एक भावुक पोस्ट लिखा है.

Advertisement
pic
16 अक्तूबर 2023 (पब्लिश्ड: 03:34 PM IST)
France president Emmanuel Macron wrote an emotional post on X over killing of a school teacher in arras.
फ्रांस के अर्रास शहर के लीसी गैम्बेटा हाई स्कूल में पढ़ाने वाले शिक्षक डोमिनिक बर्नार्ड की चाकू मारकर हत्या कर दी गई. (फोटो क्रेडिट - एपी)
Quick AI Highlights
Click here to view more

फ्रांस के अर्रास शहर में एक 20 साल के लड़के ने चाकू मारकर एक शिक्षक की हत्या (France Teacher Murder) कर दी. इसके बाद वहां के गृह मंत्री जेराल्ड डर्मेनिन ने पूरे देश में हाई अलर्ट घोषित कर दिया. उन्होंने इस हमले का मध्य पूर्व में हो रही घटनाओं से जुड़े होने का भी दावा किया. जहां पर इजरायल और हमास (Israel Hamas War) के बीच एक हफ्ते से भी ज्यादा समय से युद्ध जारी है.

फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुअल मैक्रॉन ने इस हमले को बर्बर इस्लामी आतंकवाद बताते हुए इसकी निंदा की थी. अब उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर इस घटना के बारे में एक लंबा और भावुक पोस्ट भी लिखा है. उन्होंने लिखा,

"शिक्षकों, स्कूल प्रमुखों, नेशनल एड्यूकेशन के कर्मचारियों और स्थानीय अधिकारियों के लिए. फ्रांस के विद्यार्थियों के लिए. सोमवार(16 अक्टूबर) की सुबह डोमिनिक बर्नार्ड को अर्रास में गैम्बेटा स्कूल में होना चाहिए था. पढ़ाने के खूबसूरत पेशे को मानवता और अधिकार के साथ निभाते हुए. लेकिन डोमिनिक अपनी क्लास में वापस नहीं लौट पाएंगे."

ये भी पढ़ें- फ्रांस में स्कार्फ और बुर्के के बाद अबाया भी बैन

मैक्रॉन ने आगे लिखा,

"पिछले शुक्रवार(13 अक्टूबर) अपने विद्यार्थियों को बचाते हुए वे इस्लामी आतंकवाद का शिकार हो गए. शारीरिक शिक्षा और खेलों के एक शिक्षक, एक रखरखाव कार्यकर्ता और स्कूल की तकनीकी टीम के प्रमुख भी घायल हुए हैं. उन्हें अपनी हिम्मत की कीमत चुकानी पड़ी है."

'आतंकवाद ने स्कूलों पर हमला किया'

राष्ट्रपति मैक्रॉन ने तीन साल पहले इसी तरह के एक आतंकवादी हमले में मार गए शिक्षक सैमुअल पैटी का भी जिक्र किया. उन्होंने कहा कि आतंकवाद ने स्कूलों पर हमला किया है. वो स्कूलों को अपना सबसे बड़ा दुश्मन मानते हैं. मैक्रॉन ने कहा,

"आतंकवादी जानते हैं कि स्कूल के बिना कोई गणतंत्र नहीं हो सकता. न ही ये कक्षाओं में धैर्यपूर्वक आलोचनात्मक सोच के बिना हो सकता है. जहां आजादी, बराबरी, बंधुत्व और धर्मनिरपेक्षता के मूल्य सिखाए जाते हैं. बिना हमारा इतिहास पढ़ाए, बिना अपनी भाषा सिखाए, बिना मानवीय मूल्यों को बताए, बिना स्कूलों के फ्रांस देश भी नहीं रहेगा. यही हमारे देश को देश बनाते हैं. ये हमें आजाद और एकजुट रखते हैं."

ये भी पढ़ें- फ्रांस में लड़के की हत्या करने वाले पुलिसवाले के लिए 9 करोड़ का चंदा

राष्ट्रपति इमैनुअल मैक्रॉन ने लोगों को इस हमले के खिलाफ कार्रवाई करने का आश्वासन दिया. उन्होंने कहा,

"दर्द और दुख से ज्यादा मजबूत हमारे स्कूल रुढ़िवाद के खिलाफ एक सुरक्षा कवच हैं. ये ऐसे ही रहेंगे."

'अल्लाहु अकबर चिल्लाते हुए किया हमला'

राष्ट्रपति मैक्रॉन इससे पहले घटनास्थल पर भी पहुंचे. उन्होंने यहां डोमिनिक बर्नार्ड के प्रति श्रद्धांजलि व्यक्त की. उन्होंने कहा,

"बर्नार्ड ने कई लोगों की जान बचाई. हमें आतंक के आगे झुकना नहीं है. किसी भी चीज को हमें तोड़ने नहीं देना है."

ये भी पढ़ें- इस देश में 17 लाख लोग एक साथ प्रोटेस्ट क्यों कर रहे हैं?

इधर, डोमिनिक बर्नार्ड की हत्या करने के आरोप में मोहम्मद एम को गिरफ्तार कर लिया गया है. उसने लीसी गैम्बेटा हाई स्कूल में बर्नार्ड और बाकी बच्चों पर हमला किया था. इसमें बर्नार्ड की मौत हो गई. वहीं, 2 और बच्चे घायल हुए हैं. मोहम्मद ने भी इसी स्कूल से पढ़ाई की है. पुलिस ने बताया है कि आरोपी ने ‘अल्लाहु अकबर’ चिल्लाते हुए स्कूल पर हमला किया था. 

वीडियो: दुनियादारी: फ़्रांस में 17 लाख लोग पुलिस से क्यों लड़े? मैक्रों की सरकार गिर जाएगी?

Advertisement

Advertisement

()