The Lallantop
Advertisement
  • Home
  • News
  • delhi igi airport fake customs officers to dupe travellers at Delhi airport 4 held

Delhi एयरपोर्ट पर फर्जी कस्टम अफसर बन कईयों को लूटा, एक ऑनलाइन पेमेंट और सब पकड़े गए

Delhi के IGI Airport पर यात्रियों को गेट के सामने सामान चेक करने के लिए रोकते और कांड कर देते. कई लोगों के साथ ऐसा होने के बाद दिल्ली पुलिस ने कमर कसी और पूरा गैंग पकड़ लिया. कैसे एक ऑनलाइन पेमेंट से पूरा गैंग पकड़ा गया?

Advertisement
4 held for posing as customs officials
पुलिस ने 4 आरोपियों को गिरफ़्तार किया है. (प्रतीकात्मक तस्वीर - आजतक)
pic
हरीश
8 अप्रैल 2024 (अपडेटेड: 8 अप्रैल 2024, 03:45 PM IST)
font-size
Small
Medium
Large
font-size
Small
Medium
Large
whatsapp share

दिल्ली (Delhi) के इंदिरा गांधी इंटरनेशनल एयरपोर्ट (IGI Airport) पर पुलिस ने चार ठगों को गिरफ़्तार किया है. ये ठग ख़ुद को कस्टम अधिकारी बताकर यात्रियों को निशाना बनाते थे और पार्किंग में उनसे लूटपाट करते थे. फॉर्मल ड्रेस पहनकर ये आरोपी एयरपोर्ट के एंट्री गेट के सामने लोगों को जाल में फंसाते थे. आरोपियों की पहचान कासमुद्दीन (33), कमरुद्दीन (37), रियाज़ अहमद (33) और रहमान अली (24) के रूप में हुई है.

पुलिस के मुताबिक़, ये गिरफ़्तारी एक हालिया घटना के बाद हुई है. इस घटना में IGI एयरपोर्ट पर सऊदी अरब से लौट रहे एक यात्री से 1,800 रियाल यानी लगभग 40,000 रुपये और कुछ कीमती सामान लूटा गया था. IGI पुलिस स्टेशन की DCP ऊषा रंगनानी ने बताया कि उन्हें 4 अप्रैल को एक PCR कॉल आयी थी. इसमें शिकायतकर्ता ने उन्हें बताया कि 2 लोगों ने उनका पासपोर्ट, कीमती सामान और 1,800 रियाल (40,000 के क़रीब रुपये) कस्टम अधिकारी बनकर ले लिए.

पुलिस के मुताबिक़, शिकायतकर्ता ने उन्हें बताया,

Image embed

टाइम्स ऑफ़ इंडिया की एक रिपोर्ट के मुताबिक़, पकड़े गए आरोपियों में से एक कासमुद्दीन ने पुलिस को बताया कि उसने खाड़ी देशों में काम करते हुए कई एयरपोर्ट पर काफी समय बिताया था. उसे एयरपोर्ट पर होने वाली गतिविधियों का अच्छा अनुभव हो गया था. जब उसे भारत लौटने के बाद पैसों की कमी हुई, तो उसने एयरपोर्ट पर लोगों को लूटना शुरू कर दिया.

ये भी पढ़ेें - SSC नहीं निकली, तो बन गया फर्जी आयकर अधिकारी!

ऑनलाइन पेमेंट और पूरा गैंग पकड़ा गया

DCP ऊषा ने आगे बताया कि शिकायत के बाद IPC के तहत मामला दर्ज किया गया. 100 से ज़्यादा CCTV खंगाले गए, जिससे टैक्सी का नंबर पता चला. नंबर से टैक्सी ड्राइवर का पता चला. ड्राइवर ने बताया कि आरोपियों ने उसे ऑनलाइल पेमेंट किया था. इससे उनका नंबर निकाला गया और नंबर की मदद से पुलिस आरोपियों तक पहुंचने में कामयाब रही. पूछताछ के बाद 3 और राज्यों में छापेमारी की गई, जिसके बाद अन्य आरोपियों को पकड़ा गया.

वीडियो: ख़ुद को BJP का बड़ा नेता बता ठगी करने वाले अनूप चौधरी को UP STF ने पकड़ा

Advertisement

Advertisement

()