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गिरिराज बोले- 'नीतीश मुसलमानों के CM', कांग्रेस बोली- शाह एटम बम गिरा दें, बिहार हिंसा पर फुल राजनीति

हिंसा की घटनाओं के बीच आज अमित शाह नवादा में जनसभा को संबोधित कर रहे हैं.

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2 अप्रैल 2023 (अपडेटेड: 2 अप्रैल 2023, 02:45 PM IST)
Bihar violence Amit shah Nitish Kumar
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह बिहार के नवादा में जनसभा को संबोधित करने वाले हैं (फाइल फोटो- PTI)
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बिहार में रामनवमी यात्रा के दौरान शुरू हुई झड़प के बाद हिंसा (Bihar Violence) अब तक पूरी तरह थम नहीं पाई है. रुक-रुक कर नालंदा और सासाराम में एक अप्रैल को दोबारा हिंसा हुई. नालंदा के बिहारशरीफ में हिंसा के कारण एक व्यक्ति की मौत भी हो गई. नालंदा में लगातार हिंसक झड़प के बाद जिलाधिकारी ने कर्फ्यू लगाने की घोषणा कर दी. जिले में धारा-144 पहले से लागू है. दोनों जिलों में बवाल के बाद केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने बिहार के राज्यपाल राजेंद्र आर्लेकर से बात की. इंडिया टुडे ने सूत्रों के हवाले से बताया है कि शाह और राज्यपाल ने हिंसा की घटनाओं पर बात की. वहीं, गृह मंत्रालय ने हिंसा के बाद बने हालात से निपटने के लिए राज्य में अतिरिक्त अर्द्धसैनिक बलों को भेजने का फैसला किया है. 

इन घटनाओं के बीच, अमित शाह फिलहाल बिहार में ही हैं. आज, 2 अप्रैल को अमित शाह नवादा में जनसभा को संबोधित करेंगे. शाह की यह रैली नवादा के हिसुआ में होने वाली है. नवादा हिंसा प्रभावित नालंदा का पड़ोसी जिला है. 2 अप्रैल को अमित शाह हिंसाग्रस्त जिला सासाराम भी जाने वाले थे. यहां वो सम्राट अशोक की जयंती पर एक कार्यक्रम में हिस्सा लेते. लेकिन हिंसा के बाद उनकी रैली कैंसिल कर दी गई.

बिहार पुलिस ने एक अप्रैल की सुबह दावा किया था कि दोनों जिलों में हालात सामान्य हैं. पुलिस की टीम लगातार मार्च कर रही है. हालांकि शाम होते-होते एक बार फिर झड़प हो गई और फायरिंग, ब्लास्ट की घटनाएं सामने आ गईं. दोनों जिलों में हिंसा के बाद भारतीय जनता पार्टी (BJP) बिहार सरकार को जिम्मेदार ठहरा रही है. केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने नीतीश कुमार का इस्तीफा तक मांग लिया. वहीं राज्यपाल से बातचीत करने के बाद आरजेडी ने अमित शाह पर निशाना साधा है.

"हिंसा करने वालों को संरक्षण मिल रहा"

केंद्रीय गृह राज्य मंत्री नित्यानंद राय ने मीडिया से बातचीत में कहा कि बिहार में लॉ एंड ऑर्डर बिल्कुल चौपट है. उन्होंने अपराध के आंकड़ों को गिनाते हुए कहा कि महागठबंधन की सरकार को ना विकास से मतलब है और ना ही कानून-व्यवस्था से. राय ने आरोप लगाया कि वैसे लोग जो साजिश के तहत सांप्रदायिक तनाव पैदा कर कर रहे हैं उन्हें सरकार संरक्षण दे रही है.

वहीं केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने कहा कि बिहार बंगाल के रास्ते पर चल पड़ा है. उन्होंने कहा कि अगर नीतीश कुमार को अपने गृह जिले नालंदा में हिंसा होने की भनक नहीं लगी तो किस बात के मुख्यमंत्री हैं, इससे अच्छा है कि वो इस्तीफा दे दें. गिरिराज सिंह ने इंटेलीजेंस फेल होने का आरोप लगाकर भी सरकार पर सवाल उठाया. उन्होंने पटना में मीडिया से बात करते हुए दावा किया, 

“हिंदुओं पर अत्याचार हो रहा है. हिंदू गोली से मारे जा रहे हैं. पुलिस की गोली लगी है या मुस्लिमों की गोली लगी है? उल्टा वो (सीएम) बोल रहे हैं कि तीसरी शक्ति लगी है. हिंदू अपने को असुरक्षित महसूस कर रहा है. आप कह दें कि आप सिर्फ मुसलमानों के मुख्यमंत्री हैं. आप कह दें कि हिंदू नालंदा छोड़ दें.”

नीतीश कुमार ने क्या कहा था?

हिंसा के बाद बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने एक अप्रैल को बयान दिया था. उन्होंने कहा था कि ये जानबूझकर करवाया गया है. सीएम ने मीडिया से बात करते हुए कहा था, 

“बड़ी दुख की बात है. जैसे ही इसके बारे में पता चला, अलर्ट होकर तेजी से काम किया गया. उपद्रवियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी. पहले कहां होता था ये सब. ये किसी ने जानबूझकर किया है, हमने आदेश दिया है कि इस बारे में हर तरीके से जांच करें.”

वहीं अमित शाह की सासाराम रैली रद्द होने पर नीतीश ने कहा था कि कोई भी केंद्रीय मंत्री बिहार आते हैं तो उन्हें सुरक्षा दी जाती है. राज्य सरकार अपनी जिम्मेदारी निभाती है. नीतीश के मुताबिक, हम इन चीजों का ध्यान रखते हैं, वे (बीजेपी) लोग ध्यान ना रखें वो अलग बात है.

"40 लोकसभा सीटों की चिंता"

राज्य सरकार में सहयोगी दल आरजेडी ने बीजेपी पर ही पलटवार कर दिया. RJD प्रवक्ता मृत्युंजय तिवारी ने कहा कि अमित शाह को बिहार की नहीं, बल्कि 40 लोकसभा सीटों की चिंता है. उन्होंने हिंसा पर सरकार का बचाव करते हुए कहा कि बिहार में नीतीश और तेजस्वी के नेतृत्व में कानून का राज है. अतिरिक्त फोर्स भेजने की बात पर मृत्युंजय तिवारी ने कहा कि ईडी और सीबीआई से मन भर गया तो केंद्रीय सुरक्षाबलों को बिहार भेजने की बात कर रहे हैं, गृह मंत्री बीजेपी शासित राज्यों में हिंसा की फिक्र करें.

वहीं, कांग्रेस प्रदेश प्रवक्ता असित नाथ तिवारी ने अमित शाह से सवाल किया कि यूपी हत्या और महिलाओं के खिलाफ अपराध के मामले में नंबर वन है, उन्होंने कितनी बार वहां कानून-व्यवस्था पर यूपी के राज्यपाल से बात की. उन्होंने कहा कि बिहार की जनता बीजेपी को वोट नहीं करती इसलिए वो बेचैन हैं. असित नाथ ने एक और बयान दिया कि अब तो गैस चैम्बर का जमाना नहीं है, तो अमित शाह बिहार पर एटम बम ही गिरवा दें.

दोनों जिलों में 109 लोग गिरफ्तार

रोहतास और नालंदा, दोनों जगहों पर रामनवमी के दिन शोभायात्रा निकालने के दौरान झड़प हुई थी. इसके बाद से ही दोनों जिलों में तनाव की स्थिति है. बिहारशरीफ (नालंदा) में अब भी धारा-144 लागू है. यहां हिंसा करने के आरोप में अब तक 77 लोगों को गिरफ्तार किया गया. वहीं, सासाराम में कुल 32 लोगों की गिरफ्तारी हुई. तनाव की स्थिति को देखते हुए रोहतास प्रशासन ने जिले में सभी सरकारी और प्राइवेट स्कूलों को 4 अप्रैल तक बंद रखने का आदेश दिया है. सभी कोचिंग संस्थान भी बंद रहेंगे.

नालंदा और रोहतास के अलावा, गया, भागलपुर और मुंगेर में भी हिंसा हुई थी. लेकिन इन जिलों में तनाव को काबू कर लिया गया था.

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