The Lallantop
Advertisement
  • Home
  • News
  • Ahead of Gujarat election Rajendra Trivedi and Purnesh Modi lose cabinet portfolios

गुजरात चुनाव से पहले दो मंत्रियों से छीने गए विभाग, CM भूपेंद्र पटेल ने दी थी चेतावनी!

सूत्रों के मुताबिक सीएम भूपेंद्र पटेल ने हाल में दोनों मंत्रियों को चेतावनी दी थी.

Advertisement
pic
21 अगस्त 2022 (अपडेटेड: 21 अगस्त 2022, 01:48 PM IST)
Gujarat Ministers
गुजरात के मंत्री पूर्णेश मोदी और राजेंद्र त्रिवेदी (फोटो- फेसबुक)
Quick AI Highlights
Click here to view more

गुजरात में विधानसभा चुनाव से पहले दो बड़े मंत्रियों से अलग-अलग विभाग की जिम्मेदारी छीन ली गई. सीएम भूपेंद्र पटेल ने 20 अगस्त को कैबिनेट मंत्री राजेंद्र त्रिवेदी को राजस्व विभाग और पूर्णेश मोदी को सड़क और इमारत विभाग से हटा दिया. फिलहाल, गृह राज्य मंत्री हर्ष सिंघवी को राजस्व विभाग और पर्यावरण राज्य मंत्री जगदीश पांचाल को सड़क और इमारत विभाग का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है.

भ्रष्टाचार के आरोप की आशंका थी

आजतक से जुड़ीं गोपी घांघर की रिपोर्ट के मुताबिक, सूत्रों ने बताया कि दोनों मंत्रियों के खिलाफ भ्रष्टाचार के आरोप लगने की आशंका थी. इसलिए पहले ही सरकार ने उनसे इन विभागों की जिम्मेदारी ले ली. वहीं आधिकारिक तौर पर बताया जा रहा है कि दोनों मंत्रियों के पास ज्यादा विभाग थे इसलिए भार कम करने के लिए ये फैसला लिया गया.

यह बदलाव बीजेपी महासचिव बीएल संतोष के 20 अगस्त के गुजरात दौरे से ठीक पहले किया गया. हालांकि, राजेंद्र त्रिवेदी के पास अभी आपदा प्रबंधन, कानून और न्याय, विधायी और संसदीय कार्य विभाग भी हैं. त्रिवेदी वडोदरा के रावपुरा सीट से विधायक हैं. वहीं पश्चिमी सूरत से विधायक पूर्णेश मोदी के पास परिवहन, नागर विमानन, पर्यटन और तीर्थाटन मंत्रालय की जिम्मेदारी अब भी है.

CM भूपेंद्र पटेल ने दी थी चेतावनी!

अंग्रेजी अखबार इंडियन एक्सप्रेस ने सरकारी सूत्रों के हवाले से लिखा है कि सीएम भूपेंद्र पटेल ने हाल में दोनों मंत्रियों को चेतावनी दी थी. दोनों को यह चेतावनी उनके खिलाफ भ्रष्टाचार और ठीक से काम नहीं करने की शिकायत के बाद दी गई थी. बताया जा रहा है कि गुजरात बीजेपी अध्यक्ष सीआर पाटिल भी इन शिकायतों और उनके कामों से खुश नहीं थे.

पहली बार मंत्री बने पूर्णेश मोदी ने जुलाई में सड़कों और बिल्डिंग इंस्फ्रास्ट्रक्चर से जुड़ी शिकायतों के लिए अपने ही नाम से मोबाइल ऐप लॉन्च किया था. वहीं मंत्री बनने के कुछ महीने बाद ही राजेंद्र त्रिवदी भी चर्चा में आए थे जब उन्होंने राजस्व कार्यालयों का "अचानक दौरा" कर उसे फेसबुक पर लाइव कर दिया था. विजय रुपाणी की सरकार में त्रिवेदी विधानसभा अध्यक्ष थे. इंडियन एक्सप्रेस के मुताबिक एक सूत्र ने बताया कि पार्टी के नेता, दोनों मंत्रियों से नाराज थे क्योंकि “वे काम से ज्यादा अपने प्रचार के लिए चिंतित थे.”

वीडियो: बिलकिस बानो ने गैंग रेप के 11 दोषियों की रिहाई के बाद गुजरात सरकार से क्या मांगा

Advertisement

Advertisement

()