अग्निपथ योजना: बिहार में हिंसक प्रदर्शन जारी, कई ट्रेनों में लगाई आग, डिप्टी CM के घर पर हमला
इस बीच JDU ने केंद्र सरकार से इस योजना पर दोबारा से विचार करने की बात कही है.

सेना में भर्ती की नई 'अग्निपथ योजना' (Agnipath scheme protest) के खिलाफ बिहार में लगातार दूसरे दिन भी हिंसक विरोध प्रदर्शन जारी हैं. शुक्रवार 17 जून की सुबह से राज्य के अलग-अलग जिलों में प्रदर्शन शुरू हो गए. समस्तीपुर, लखीसराय, सुपौल, आरा सहित कई जिलों में प्रदर्शन कर रहे युवाओं ने अलग-अलग जगहों पर ट्रेन में आग लगा दी. बक्सर में सुबह-सुबह युवाओं की भीड़ डुमराव रेलवे स्टेशन पहुंच गई. रेलवे ट्रैक पर टायर जलाकर विरोध करने लगे. प्रदर्शन के कारण कई ट्रेनों को भी रोकना पड़ा. प्रदर्शन करने वाले मांग कर रहे हैं कि सरकार इस अग्निपथ योजना को वापस ले.
इसी तरह, लखीसराय रेलवे स्टेशन पर भी युवाओं ने प्रदर्शन किया. मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, दिल्ली से भागलपुर जाने वाली विक्रमशिला एक्सप्रेस को रोककर ट्रेन में तोड़फोड़ की गई. इसके बाद ट्रेन की एसी बोगी में आग लगा दी गई. रेलवे ने बताया है कि प्रदर्शन के कारण अब तक 38 ट्रेनों को रद्द कर दिया गया है. वहीं 72 ट्रेनें देरी से चल रही हैं.

आरा में भी दूसरे दिन बड़ा प्रदर्शन देखने को मिला. प्रदर्शनकारियों ने बिहिया रेलवे स्टेशन पर रेलवे ट्रैक को जाम कर दिया. वहीं कुल्हड़िया में एक ट्रेन में आग लगा दी. रिपोर्ट के मुताबिक आरोप है कि हंगामे के बाद जब बिहिया के थाना प्रभारी वहां पहुंचे, तो प्रदर्शनकारियों ने उनपर हमला कर दिया. इससे थाना प्रभारी के सिर में चोट आई है. वहीं गुरुवार के प्रदर्शन के दौरान तोड़फोड़ को लेकर आरा में पुलिस ने 16 प्रदर्शनकारियों को गिरफ्तार किया है. करीब 650 अज्ञात लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया गया है.

समस्तीपुर जिले में बिहार संपर्क क्रांति एक्सप्रेस ट्रेन को रोक दिया गया. ट्रेन में तोड़फोड़ की गई और कुछ लोगों ने एसी बोगी में आग भी लगा दी. खगड़िया में भी युवाओं ने प्रदर्शन करते हुए सड़कों और रेलवे ट्रैक को जाम किया. खगड़िया रेलवे स्टेशन पर कोसी एक्सप्रेस ट्रेन को रोक दिया गया गया. इसके कारण कई ट्रेनें प्रभावित हुईं.
बेतिया रेलवे स्टेशन पर भी छात्रों ने तोड़फोड़ करते हुए प्रदर्शन किया. इस प्रदर्शन की आंच बिहार की डिप्टी सीएम रेणु देवी के घर तक पहुंच गई. समाचार एजेंसी एएनआई के मुताबिक, विरोध कर रहे प्रदर्शनकारियों ने बेतिया में रेणु देवी के घर पर हमला किया. उनके बेटे ने कहा कि हमले के कारण घर को बहुत नुकसान पहुंचा है. रेणु देवी फिलहाल पटना में हैं.
बीजेपी और जेडीयू आमने-सामनेबिहार में हिंसक प्रदर्शन के बाद अग्निपथ योजना को लेकर बीजेपी और जेडीयू आमने-सामने हो गई हैं. जेडीयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष ललन सिंह ने कहा कि केंद्र सरकार को इस योजना के बारे में दोबारा सोचने की जरूरत है. उन्होंने ट्वीट किया,
"अग्निपथ योजना के निर्णय से बिहार सहित देशभर के नौजवानों, युवाओं एवं छात्रों के मन में असंतोष, निराशा और अंधकारमय भविष्य (बेरोजगारी) का डर स्पष्ट दिखने लगा है. केंद्र सरकार को अग्निवीर योजना पर बिना देर किए पुनर्विचार करना चाहिए क्योंकि यह निर्णय देश की रक्षा और सुरक्षा से भी जुड़ा है."
वहीं नीतीश कुमार के कार्यकाल में लंबे समय तक डिप्टी सीएम रहे सुशील कुमार मोदी ने बिहार सरकार से मांग कर दी कि वह अग्निवीरों को बिहार पुलिस में भर्ती के लिए प्राथमिकता देने की घोषणा करे. 16 जून के हिंसक प्रदर्शन के बाद बेगूसराय से सांसद और केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने कहा कि अग्निपथ आपके उज्ज्वल भविष्य की ओर पहला कदम है, इसे शुरू से ही असामाजिक तत्वों के साथ बर्बाद न करें.

