प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Modi) ने कहा कि अब कोई वित्तीय संकट आने या बैंकडूबने पर जमाकर्ताओं को पांच लाख रुपये मिलेंगे. उन्होंने कहा कि पहले गलत सरकारीनीतियों की वजह से ऐसा नहीं होता था और पैसा जमा करने वालों को 8 से 10 साल तक अपनेही पैसे के लिए भटकना पड़ता था. पीएम मोदी ने कहा कि उनकी सरकार ने नीतियां बदल दीहैं और इससे जमाकर्ताओं के आत्मविश्वास में बढ़ोतरी होगी. पीएम ने बैंक डिपॉजिटइंश्योरेंस स्कीम से जुड़े एक प्रोग्राम को संबोधित करते हुए ये बातें कहीं.1300 करोड़ का भुगतान नई दिल्ली के विज्ञान भवन में अपनी बात आगे बढ़ाते हुए पीएमने कहा कि करीब एक लाख जमाकर्ताओं को 1300 करोड़ रुपये का भुगतान किया गया है. येवो जमाकर्ता हैं, जो अपने-अपने बैंक द्वारा वित्तीय संकट झेलने के कारण अपना हीपैसा नहीं निकाल पाए. उन्होंने कहा कि ऐसे करीब तीन लाख दूसरे जमाकर्ताओं को भीजल्द ही भुगतान किया जाएगा. इस कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी नेअपने हाथों से कुछ ऐसे जमाकर्ताओं को चेक दिए, जो बैंकों से अपना ही पैसा नहींनिकाल पाए. पीएम मोदी ने अपने संबोधन में इस दिन को बैंकिग सेक्टर के लिए बहुतमहत्वपूर्ण और ऐतिहासिक बताया. प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, "अगर बैंक कमजोर हो गयाहै या फिर दिवालिया होने वाला है, तो जमाकर्ताओं को अब 90 दिन के भीतर पांच लाखरुपये मिलेंगे. हमारी सरकार ने DICGC एक्ट में संशोधन किया है. इसके तहत 98 फीसदीबैंक अकाउंट्स को कवर किया गया है. 75 लाख करोड़ रुपये के डिपॉजिट का इन्श्योरेंसकिया गया है." इससे पहले बीते कुछ सालों में बहुत से बैंकों की वित्तीय हालत पतलीहो गई. जिसकी वजह से उनके जमाकर्ता अपने ही पैसे नहीं निकाल पाए. केंद्रीय वित्तमंत्री निर्मला सीतारमन ने बताया था कि DICGC एक्ट में जो संशोधन किया गया है, वोइस तरह से लागू होगा कि जो लोग इस संशोधन से पहले भी अपने पैसों के लिए धक्के खारहे थे, उन्हें भी इसका फायदा हो. उन्होंने कहा कि जो लोग पिछले पांच छह सालों सेअपने पैसे निकालने का इंतजार कर रहे हैं, उन्हें भी अब राहत मिलेगी. 'नया भारतसमाधान खोजता है' वहीं अपने संबोधन के दौरान पीएम मोदी ने ये भी बताया कि बैंक मेंपैसे जमा करने वालों के लिए इन्श्योरेंस की व्यवस्था 60 के दशक में की गई थी.उन्होंने बताया कि पहले बैंक में जमा केवल 50 हजार रुपयों का ही इन्श्योरेंस होताथा, बाद में इसे बढ़ाकर एक लाख रुपये किया गया. प्रधानमंत्री मोदी ने बताया कि अबउनकी सरकार ने ये रकम बढ़ाकर पांच लाख रुपये कर दी है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदीने यह भी कहा कि अगर हमें बैंक बचाने हैं, तो बैंक में पैसे जमा करने वालों कोसुरक्षा देनी होगी. उन्होंने कहा कि उनकी सरकार ने बैंकों को भी बचाया है औरजमाकर्ताओं को भी. प्रधानमंत्री ने कहा कि ऐसा इसलिए हो पाया है कि क्योंकि ये नयाभारत है, जो अब समस्या को टालने में यकीन नहीं रखता बल्कि समाधान पर जोर लगाता है.