The Lallantop
Advertisement
  • Home
  • India
  • Pahalgam Terror attack NIA interrogate zipline operator after allahu akbar video viral

पहलगाम के चश्मदीद का दावा- '110% हमले में शामिल था जिपलाइन ऑपरेटर, अल्लाह-हू-अकबर के नारे लगा रहा था'

Pahalgam Terror Attack Viral Video: पहलगाम हमले का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है. इसमें एक जिपलाइन ऑपरेटर गोलियां चलते ही अल्लाह-हू-अकबर के नारे लगाने लगता है.

Advertisement
pic
29 अप्रैल 2025 (अपडेटेड: 29 अप्रैल 2025, 08:34 AM IST)
Zipline Operator
गोलियां चलते ही अल्लाहु अकबर के नारे लगाने लगा जिपलाइन ऑपरेटर (फोटोः सोशल मीडिया)
Quick AI Highlights
Click here to view more

जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में आतंकवादी हमले (Pahalgam Terrorist Attack) की जांच की जा रही है. इस बीच सोशल मीडिया पर वायरल एक वीडियो ने साजिश के शक की सुई एक जिपलाइन ऑपरेटर की ओर घुमा दी है. इस वीडियो में जिपलाइन पर ऋषि भट्ट नाम का एक व्यक्ति है. जिपलाइन ऑपरेटर उसे आगे बढ़ाता दिख रहा है. जैसे ही घाटी में गोलियां चलने की आवाज गूंजती है, जिपलाइन ऑपरेटर ‘अल्लाह-हू-अकबर’ दोहराने लगता है. 

उसकी ये हरकत उस वीडियो में रिकॉर्ड हो गई, जो ऋषि भट्ट ‘मस्ती के लिए’ बना रहे थे. अब एनआईए ने जिपलाइन ऑपरेटर को फिर से पूछताछ के लिए बुलाया है. 

आज तक से बातचीत में पहलगाम हमले में जिंदा बचे टूरिस्ट ऋषि भट्ट्ट ने आशंका जताई है कि जिपलाइन ऑपरेटर्स इस आतंकी हमले के साजिशकर्ताओं में शामिल हैं.भट्ट ने बताया, 

हमें आतंकवादी हमले का कोई आइडिया नहीं था. हम मस्ती के लिए वीडियो बना रहे थे. फिर अचानक फायरिंग की आवाज सुनी. मैंने देखा 4-5 आतंकी लोगों से धर्म पूछकर उन्हें गोली मार रहे थे. 

भट्ट ने बताया कि पहले जो जिपलाइन वाला नॉर्मल व्यवहार कर रहा था लेकिन जैसे ही उसने गोलियों की आवाज सुनी, ‘अल्लाह-हू-अकबर’ का नारा लगाने लगा. भट्ट ने कहा,

मुझे 110 फीसदी यकीन है कि ये जिपलाइन वाले आतंकवादी हमले की साजिश में शामिल थे.

उन्होंने आगे बताया कि तकरीबन 22 मिनट बाद जब वो लोग बैसरन घाटी से नीचे उतरने लगे तब सेना मदद के लिए आई. उन्होंने बताया,

हम 15-20 लोगों का एक समूह था. जब हमारा सामना सेना से हुआ तो हमने शुरू में उन्हें आतंकवादी समझ लिया. लेकिन फिर उन्होंने हमें बताया कि वे भारतीय सेना से हैं. तीन-तीन जवानों के समूह ने हमें कवर किया और सुरक्षित पार्किंग क्षेत्र में उतरने में मदद की.

भट्ट ने बताया कि आतंकवादी हमले के दौरान मेरे सामने ही लोगों से उनका धर्म पूछा जा रहा था. आतंकवादियों ने बैसरन घाटी में सुरक्षा गार्डों की हत्या कर दी थी और फिर शायद उनके कपड़े पहनकर हमला करने आए थे.

पहलगाम हमले के बाद वहां मौजूद सभी लोगों को एनआईए ने पूछताछ के लिए बुलाया था. लेकिन भट्ट के आरोपों के बाद जिपलाइन ऑपरेटर को फिर से पूछताछ के लिए बुलाया गया है. जम्मू-कश्मीर पुलिस और राष्ट्रीय जांच एजेंसी दोनों ही उससे पूछताछ कर रही हैं. 

बता दें कि 22 अप्रैल को पहलगाम हमले में आतंकवादियों ने 26 लोगों को मार दिया था. 

वीडियो: दी लल्लनटॉप शो: पहलगाम के आतंकी कैमरे में कैद, NIA के हाथ लगे बड़े सबूत

Advertisement

Advertisement

()