आगरा में करणी सेना ने तलवारें लहराईं, भीड़ में फंसे ACP, प्रदर्शनकारी बोला- 'अखिलेश को गोली मार देंगे'
12 अप्रैल को आगरा में करणी सेना के प्रदर्शन के दौरान उग्र माहौल देखने को मिला, जिसमें तलवारें लहराई गईं और अखिलेश यादव को गोली मारने की धमकी दी गई. आरोप है कि प्रदर्शन में पुलिस भी फंस गई. जानिए पूरा मामला.

राणा सांगा की जयंती के दौरान शनिवार, 12 अप्रैल को आगरा में करणी सेना का प्रदर्शन उग्र हो गया है. सोशल मीडिया पर कई वीडियो वायरल हो रहे हैं, जिसमें करणी सेना की 'स्वाभिमान रैली' में उसके कार्यकर्ता तलवार और डंडों के साथ देखे जा सकते हैं. इस बीच एक शख्स ने कथित तौर पर समाजवादी पार्टी (SP) के राष्ट्रीय अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव को गोली मारने की धमकी दी है.
दरअसल, बीते दिनों SP के राज्यसभा सांसद रामजीलाल सुमन ने राणा सांगा के बारे में विवादित बयान दिया था, जिसके खिलाफ करणी सेना विरोध प्रदर्शन कर रही है.
उत्तर प्रदेश के अलावा हरियाणा, राजस्थान और गुजरात जैसे कई राज्यों से करणी सेना के हजारों कार्यकर्ता आगरा पहुंचे हैं. आरोप है कि राणा सांगा की जयंती के दौरान करणी सेना के उग्र प्रदर्शन में पुलिस भी फंस गई.
यूपी तक की रिपोर्ट के मुताबिक, ACP संजीव त्यागी भी धरना स्थल पर पहुंचे. आरोप है कि भीड़ ने ACP को घेर लिया और वे पंडाल तक नहीं जाए पाए. आखिर में उन्हें वापस लौटना पड़ा.
वहीं, यूपी तक से बात करते हुए एक शख्स ने कहा,
इस बीच रामजी लाल सुमन ने मीडिया से बात करते हुए कहा,
उन्होंने आगे कहा,
रामजी लाल सुमन को मिल रही धमकियों पर अखिलेश यादव ने कहा,
अखिलेश यादव ने आगे कहा कि रामजीलाल सुमन के ऊपर किसी तरह का अपमान का व्यवहार नहीं कर पाएंगे. उन्होंने कहा कि अगर अभी भी सरकार ने खुली छूट दे रखी है, तो सरकार इसके लिए जिम्मेदार है.
दूसरी तरफ, श्री राजपूत करणी सेना के अध्यक्ष महिपाल सिंह ने एलान किया कि अगर आज रामजीलाल सुमन के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं होती है तो 9 मई को दिल्ली हिलाएंगे, करीब 10 लाख राजपूत दिल्ली कूच करेंगे.
वहीं, आगरा पुलिस का साफ कहना है कि महाराज राणा सांगा के जयंती कार्यक्रम और सांसद रामजीलाल सुमन के आवास पर सुरक्षा व्यवस्था के लिए पर्याप्त पुलिस बल सतर्कता के साथ तैनात है.
इंडिया टुडे की रिपोर्ट के मुताबिक, करणी सेना के आयोजन स्थल के पास से ही एक हाईवे है, जहां से रामजीलाल सुमन के घर तक पहुंचा जा सकता है. इस दौरान वहां पर भारी पुलिस फोर्स को तैनात किया गया है, जिसमें बड़ी-बड़ी क्रेनें भी लगाई गई हैं. RAF, सिविल पुलिस और PAC के जवानों को भी मुस्तैद किया गया है. करणी सेना को रोकने के लिए आगरा के बाहर तीन जिलों से फोर्स मंगाई गई है. सड़क पर बड़े-बड़े पत्थर रखे गए हैं ताकि करणी सेना की बड़ी गाड़ियां शहर में एंट्री ना कर सकें.
वीडियो: Waqf Act के लागू होने के बाद पहला जुमा, कहां-कहां हुआ विरोध प्रदर्शन?

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