दावासोशल मीडिया पर नूपुर शर्मा को लेकर एक दावा वायरल हो रहा है. वायरल दावे में एकवीडियो है, जिसके आधार पर नूपुर शर्मा की गिरफ्तारी का दावा किया जा रहा है. टिकटॉकके लोगो वाले इस वीडियो में पुलिस की भीड़ के बीच एक महिला नज़र आ रही है. इसकेअलावा वीडियो में एक व्यक्ति महिला के बारे में जानकारी देते हुए कह रहा है,'ये वही नूपुर शर्मा है जिसने हमारे नबी की शान में गुस्ताखी की थी. चार दिनों सेफरार थी. आज फाइनली इसको पकड़ लिया गया है और घसीट-घसीट कर इसको ले जा रहे हैं. इसवीडियो को जितना हो सके उतना शेयर करो. पूरे वर्ल्ड में वायरल होनी चाहिए. गौर सेदेखो इसे ये वही नूपुर शर्मा है.'30 सेकेंड के इस वायरल वीडियो को शेयर कर फेसबुक यूजर निसार अहमद ने लिखा,खुशखबरी. नूपुर शर्म गिरफ्तार.गौर करने वाली बात है कि वायरल वीडियो में महिला वाले हिस्से को अलग-अलग यूजरवॉइसओवर कर नूपुर शर्मा की गिरफ्तारी का दावा कर रहे हैं. ट्विटर यूज़र्स भी वायल वीडियो को नूपुर शर्मा की गिरफ्तारी बताकर ट्वीट कर रहेहैं.फिक्र न करो! लोग भूल जायेंगे मगर अल्लाह नही भूलता। #होगी_सच_की_जीत#Nupur_Sharma#nupursharmaarrested pic.twitter.com/Ado7RYK20a— Mr.Bittu_05 (@abdulmomin_05) June 22, 2022Blasphemy nupur Sharma was arrested pic.twitter.com/FSljnVnSPE— Syed Arif Ali Kazmi (@arifalikazmi) June 22, 2022पड़ताल 'दी लल्लनटॉप' ने वायरल दावे का सच जानने के लिए पड़ताल की. हमारी पड़ताल में वायरलदावा गलत निकला. वायरल वीडियो का राजस्थान का है और इसका नूपुर शर्मा से कोईलेना-देना नहीं है.वीडियो की सच्चाई जानने के लिए सबसे पहले हमने पूरे वायरल वीडियो को गौर से देखा.इसके बाद हमने पुलिस की वर्दी पर लगे बैज की तुलना अलग-अलग राज्यों की पुलिसयूनिफॉर्म से की. जांच में हमने पाया कि बैज का संबंध राजस्थान पुलिस से है.बैज से हमें ये क्लू मिला कि वायरल वीडियो राजस्थान का हो सकता है. पड़ताल के दौरानहमें ट्विटर यूज़र भगवंत सिंह रूपल का एक ट्वीट मिला. 21 जून 2022 के ट्वीट मेंभगवंत ने लिखा,वीडियो में दिख रही महिला नूपुर शर्मा नहीं हैं. इनका नाम भूमि बिरमी है और यहवीडियो पुराना है.She Is Not Nupur Sharma.. She Is Bhumi Birmi.... And This Video Is Old Too..Sharing Original Video Link:https://t.co/4zFXaWFv3c#FactCheck #NupurSharma#FactsMatter https://t.co/fOCIBkkBuS— Bhagwant Singh Rupal (@iambhagwant16) June 21, 2022अपने ट्वीट में भगवंत ने वायरल वीडियो के ओरिजनल वर्जन का फेसबुक लिंक भी दिया है.हमने जब इस लिंक को ओपन किया तो हमें भूमि बिरमी के फेसबुक अकाउंट पर 1 मिनट आठसेकंड का असली वीडियो मिला. 15 जून को पोस्ट किए गए इस वीडियो में से 38 सेकेंड केआगे वाले हिस्से को काटकर वायरल वीडियो बनाया गया है. घटना से जुड़े दूसरे वीडियोभी भूमि बिरमी ने अपनी फेसबुक अकाउंट पर शेयर किए हैं.आगे जब हमने भूमि की प्रोफाइल को स्कैन किया तो पता चला कि भूमि राजस्थान के चूरूजिले की रहने वाली हैं और भारतीय किसान यूनियन के महिला मोर्चा की जिलाध्यक्ष हैं.इसके अलावा अलग-अलग मीडिया संस्थानों जैसे patrika.com, First India News ने भीवायरल वीडियो को चूरू के तारानगर में हुए किसान प्रदर्शन का बताया है. पत्रिका कीरिपोर्ट के मुताबिक,'15 जून को चूरू जिले के तारानगर में अखिल भारतीय किसान सभा की ओर से कस्बे के कृषिउपज मंडी परिसर में बुधवार को घेरा डालो डेरा डालो आंदोलन को लेकर किसान आम सभा काआयोजन किया गया. किसानों की प्रशासन के साथ मांगों को लेकर हुई वार्ता विफल हो जानेके बाद किसानों ने शाम करीब साढ़े 6 बजे नारे लगाते हुए जुलूस के रूप में कृषि उपजमंडी से रवाना होकर एसडीएम कार्यालय के मुख्य दरवाजे के आगे पहुंचे. किसानों नेएसडीएम कार्यालय में जबरन घुसने का प्रयास किया लेकिन दरवाजे पर तैनात पुलिस वआरएसी के जवानों ने किसानों को एसडीएम कार्यालय के बाहर मुख्य दरवाजे के आगे ही रोकलिया. इसके बाद किसानों ने एसडीएम कार्यालय के दरवाजे के आगे लगे पुलिस बैरिकेड वतंबू को उखाड़ दिया और एसडीएम कार्यालय के आगे दिल्ली बीकानेर हाईवे पर जाम लगाकरधरना देकर बैठ गए.'वायरल वीडियो को लेकर हमने भूमि बिरमी से संपर्क किया. उन्होंने बताया कि वीडियोमें दिख रही महिला वो खुद हैं और ये वीडियो 15 जून को हुए प्रदर्शन का है.नतीजाहमारी पड़ताल में वायरल वीडियो के साथ किया जा रहा दावा गलत साबित हुआ. वीडियो मेंदिख रहीं महिला भूमि बिरमी हैं न कि नूपुर शर्मा. किसान संगठन से जुड़ी भूमि बिरमीका यह वीडियो 15 जून को चूरू में हुए प्रदर्शन का है जिसे नूपुर शर्मा की गिरफ्तारीसे जोड़कर शेयर किया जा रहा है.