सोशल मीडिया पर एक तस्वीर वायरल हो रही है. इसमें दिख रहा है कि एक व्यक्ति को तीरलगा है. तीर सीने में लगा है. कुछ लोग उसे टांग कर ले जा रहे हैं. इस तस्वीर केबारे में दावा किया जा रहा है कि आदिवासियों ने खुले में नमाज पढ़ने वालों पर तीरसे हमला किया. दावा एक व्यक्ति के सीने में तीर लगी तस्वीर शेयर कर दावा किया जारहा है कि, किशनगंज से खुबसुरत तस्वीर आई है. आदिवाशियो ने खुले में नवाज पढ़ रहेमुल्ला को तीर से घायल कर दिया और अपने जमीन पर नवाज पढ़ने से रोका --अब कोई 🙏जयश्री राम🙏 बोल दो. पड़ताल. हमने इस पोस्ट की पड़ताल शुरू की. पता चला कि यह तस्वीरबिहार के किशनगंज की है. यहां पिछले डेढ़ माह से चाय बागान पर आदिवसियों ने कब्जाकिया हुआ था. 5 जून को पूजा कर रहे आदिवासियों को रोकने के लिए बागान मालिक के कुछलोग वहां पहुंचे. इसके बाद आदिवासियों ने तीर से हमला कर दिया. कई लोग घायल हो गए.तीर एक युवक के सीने में जा लगा. उसकी हालत गंभीर है. उसी युवक की तस्वीर को सोशलमीडिया पर अलग संदर्भ में शेयर किया जा रहा है. हिन्दुस्तान अखबार ने खबर की है.पूरी रिपोर्ट यहां पढ़ सकते हैं. हालांकि यह पहली बार नहीं है कि चाय बगान खालीकराने गए लोगों पर आदिवासियों ने पहली बार हमला किया हो. 15 मई की दैनिक जागरण कीखबर के मुताबिक कब्जा हटवाने गए लोगों पर तीर से हमला कर दिया था. दैनिक जागरण कीखबर के मुताबिक 30 अप्रैल को 56 आदिवासी परिवारों ने मो. अनवारुल के चाय बागान परकब्जा कर लिया था. प्रशासन ने दोनों पक्षों के बीच सुलह कराने की कोशिश की थी,लेकिन आदिवासी बागान में डटे रहे. उनकी मांग थी कि जब तक भूमिहीन आदिवासियों कोरहने के लिए प्रशासन जमीन मुहैया नहीं कराता है तब तक वे यहां से नहीं हटेंगे.नतीजा. हमारी पड़ताल में पता चला कि पोस्ट भ्रामक है. इसे किसी और संदर्भ में शेयरकिया जा रहा है. आपके पास भी कोई पोस्ट या फिर तस्वीर या फिर कोई वीडियो हो, जिसपरआपको शक हो तो उसकी पड़ताल के लिए भेजिए padtaalmail@gmail.com पर. हम उसकी पड़तालकरेंगे और आपको उसकी हकीकत बताएंगे.--------------------------------------------------------------------------------पड़ताल: हरियाणा गौ सेवा आयोग और पुलिस के लोग ईद के दिन घर-घर बीफ तलाशेंगे?