“यह पहली बार नहीं है, जब चीन ने अरुणाचल प्रदेश राज्य में स्थानों के नाम बदलने को कोशिश की है. चीन ने अप्रैल 2017 में भी नाम बदलने का प्रयास किया था…अरुणाचल प्रदेश भारत का अभिन्न अंग है, ये सच कभी नहीं बदलेगा.”चीन भारतीय राज्य अरुणाचल प्रदेश पर अपना दावा जताता है और इसे दक्षिण तिब्बत बताता है. हालांकि, चीन के इस दावे को भारत सरकार ने हमेशा ही खारिज किया है. नए साल पर गलवान घाटी में लहराया अपना झंडा! इसके बाद 1 जनवरी 2022 को चीन ने भारत को उकसाने वाली एक और कार्रवाई की थी. चीन की सरकारी मीडिया एजेंसी ग्लोबल टाइम्स ने चीनी सैनिकों का एक वीडियो जारी किया था. ट्विटर पर जारी किए गए इस वीडियो में ग्लोबल टाइम्स ने दावा किया कि चीनी सैनिक भारतीय सीमा के पास गलवान घाटी से अपने नागरिकों को नए साल की बधाई दे रहे हैं. इस वीडियो में दिख रहा है कि चीनी सैनिक जहां खड़े हैं, उसके पीछे पहाड़ी पर चीनी भाषा में लिखा है, ‘कभी एक इंच जमीन नहीं देंगे.’ इसके बाद चीन की सरकारी मीडिया से जुड़े एक पत्रकार शेन शिवेई ने यह दावा किया कि गलवान में लहराया गया झंडा वही है, जिसे कभी चीनी सेना ने तियानमेन स्क्वॉयर पर सैकड़ों प्रदर्शनकरियों को मारने के बाद लहराया था.
चीन की सेना ने अरुणाचल प्रदेश सीमा में घुस युवक का अपहरण किया, BJP सांसद का बड़ा दावा
BJP MP तापिर गाव के ट्वीट ने सनसनी मचा दी है.
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(फोटो ट्विटर)
अरुणाचल प्रदेश से भारतीय जनता पार्टी के सांसद तापिर गाव के एक ट्वीट ने सनसनी मचा दी है. बुधवार 19 जनवरी की शाम तापिर गाव ने ट्वीट कर दावा किया कि चीन की पीपल्स लिबरेशन आर्मी (PLA) ने अरुणाचल प्रदेश के एक युवक का अपहरण कर लिया है. ट्वीट में तापिर गाव ने लिखा है कि PLA ने जीडो गांव के 17 साल के मिरम तारोन का अपहरण किया है. ट्वीट के मुताबिक अपहरण मंगलवार 18 जनवरी को किया गया. तापिर गाव ने बताया है कि ये अपहरण लुंगता जोर एरिया में किया गया है जो भारत का इलाका है. ये अरुणाचल प्रदेश के अपर सियांग जिले के सियुंगला क्षेत्र के तहत आता है.
तापिर गाव के दूसरे ट्वीट से लगता है कि अपहरण के वक्त मिरम तारोन के कुछ दोस्त उसके साथ थे, जो अपहरण से बचने में कामयाब रहे. बीजेपी सांसद के मुताबिक इन्हीं साथियों ने अधिकारियों को घटना की जानकारी दी. इसके साथ ही अरुणाचल ईस्ट के सांसद ने भारत सरकार की तमाम एजेंसियों से अपील की है कि वे युवक को छुड़ाने के लिए कदम उठाएं. अरुणाचल में बदला था 15 इलाकों का नाम बीते 30 दिसंबर को चीन ने अरुणाचल प्रदेश में 15 इलाकों के नाम बदल दिए थे. उसने कहा था कि अब इन्हीं नामों का इस्तेमाल चीन के आधिकारिक नक्शे में किया जाएगा. चीन के नाम बदलने के ऐलान के बाद भारतीय विदेश मंत्रालय ने कहा कि ऐसे नाम रखने से यह तथ्य नहीं बदलेगा कि अरुणाचल प्रदेश भारत का हिस्सा है. आजतक की खबर के मुताबिक 31 दिसंबर को भारतीय विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता अरिंदम बागची ने कहा,
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