The Lallantop

लड़की के 3 करोड़ फॉलोअर्स थे, एक बड़े झूठ के चलते सोशल मीडिया अकाउंट से हाथ धो बैठी

अदालत ने अपने फ़ैसले में बताया है कि इंफ्लूएंसर ने अपने पूर्व बॉस पर यौन उत्पीड़न का झूठा आरोप लगाया. ऐसे में अब उसे अपने पूर्व बॉस को क़रीब 77 लाख रुपये का मुआवजा भी देना पड़ेगा.

Advertisement
post-main-image
क़ानूनी विवाद शुरू होने से पहले 2 सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर लियू के कुल 33 मिलियन फॉलोअर्स थे. (फ़ोटो- सोशल मीडिया)

चीन में एक इंफ्लूएंसर हैं लियू. सोशल मीडिया पर इनके अकाउंट का नाम है ज़ियाओहुइजुन (Xiaohuijun). दो अलग-अलग सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म्स पर इनके क़रीब 33 मिलियन (3.3 करोड़) फ़ॉलोअर्स थे. लेकिन अब उनके सोशल मीडिया अकाउंट को बैन कर दिया गया है. उन्हें अपने पूर्व बॉस को मुआवजा देने का आदेश भी दिया गया है.

Add Lallantop as a Trusted Sourcegoogle-icon
Advertisement

इन सबका कारण है एक चीनी अदालत का फ़ैसला. अदालत ने अपने फ़ैसले में कहा है कि लियू ने अपने पूर्व बॉस के खिलाफ यौन उत्पीड़न का झूठा आरोप लगाया था.

मामला क्या है?

2020 के अंत में लियू ने एक वीडियो जारी किया था. तब वो ‘किनहुआंगदाओ चिडू एंटरटेनमेंट’ नाम की एजेंसी में काम करती थीं. उन्होंने वीडियो में अपने बॉस सन हाओयू पर यौन उत्पीड़न और मनमाने दस्तावेजों पर साइन करने के लिए मजबूर करने का आरोप लगाया था.

Advertisement

लेकिन सन हाओयू ने इन आरोपों से इनकार किया और लियू के ख़िलाफ़ मुकदमा दायर किया. साउथ चाइन मॉर्निंग पोस्ट की रिपोर्ट के मुताबिक़, लंबी जिरह के बाद 19 अप्रैल, 2025 को ख़बर आई कि सन हाओयू ने केस जीत लिया है. उन्होंने ख़ुद सोशल मीडिया पर पोस्ट कर इसकी जानकारी दी है.

फ़ैसले के मुताबिक़, लियू के दोनों सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म्स को बैन कर दिया गया है. साथ ही, सन हाओयू को 600,000 युआन (क़रीब 70 लाख रुपये) का मुआवजा देने का आदेश दिया गया है. मुकदमे से हुए खर्च की भरपाई के लिए 60,000 युआन (क़रीब 7 लाख रुपये) का अतिरिक्त भुगतान करने का आदेश भी दिया गया.

ये भी पढ़ें- जांच में पता चला सब झूठा था, कोर्ट ने रेप के आरोपी को किया बरी

Advertisement

लियू को ये भी कहा गया कि वो छह महीने के भीतर सन हाओयू से सार्वजनिक रूप से माफी मांगें. चूंकि उनके सोशल मीडिया अकाउंट पर बैन लगा दिया गया है. इसलिए अब देखना होगा कि वो माफ़ी कहां मांगती हैं.

साउथ चाइन मॉर्निंग पोस्ट की रिपोर्ट बताती है कि सन ने इस फ़ैसले की जानकारी देते हुए एक वीडियो भी जारी किया. इसमें उन्होंने बताया कि न्याय भले ही देर से मिले. लेकिन कभी न कभी मिलता ज़रूर है.

वीडियो: 'ऐसी घटनाएं होती रहती हैं' यौन उत्पीड़न पर कर्नाटक के मंत्री का विवादित बयान

Advertisement