आईपीएल चल रहा है. बमचक कट रहा है. विवाद की पोटलियां भी खुल रही हैं. खिलाड़ियों केनाम सामने आ रहे हैं और अब सौरव गांगुली का नाम भी सामने आ रहा है. आप सोच रहेहोंगे कि गांगुली आईपीएल तो खेल ही नहीं रहे फिर उनका नाम क्यों आ रहा है. गांगुलीका नाम इसलिए आ रहा है क्योंकि दादा एक साथ दो पोस्ट पर बैठे हुए हैं.बीसीसीआई ने गांगुली से पूछा है कि बंगाल क्रिकेट संघ के प्रेजिडेंट रहते हुए आपदिल्ली कैपिटल्स के एडवाइजर कैसे हो सकते हैं? यह तो कनफ्लिक्ट ऑफ इंटरेस्ट है.यहां आसान भाषा में इसका मतलब यह है कि गांगुली ऐसी स्थिति में हैं जहां पर्सनलचीजें सरकारी कामों में दखल दे सकती हैं. और बीसीसीआई ने इसका जवाब मांगा है.कोलकाता के तीन क्रिकेट फैन रंजीत सील, भस्वती संतुआ और अभिजीत मुखर्जी ने जस्टिसजैन को लिखा है कि गांगुली को 12 अप्रैल को डेल्ही कैपिटल्स के सेट-अप में भाग लेनेकी इजाजत कैसे दी जा सकती है. इस मैच के दौरान उन पर कोलकाता और दिल्ली टीम केएडवाइजर दोनों पद की जिम्मेदारी होगी. ऐसे में दोनों टीम के बीच हितों का टकरावहोना तय है.1 अप्रैल को बीसीसीआई के लोकपाल अधिकारी डीके जैन, जो कि बोर्ड के एथिक्स ऑफिसर भीहैं, ने गांगुली से जवाब मांगा है. रिपोर्ट्स के मुताबिक गांगुली को 7 अप्रैल तकजवाब देने को कहा गया है. जैन ने न्यूज़ एजेंसी पीटीआई से बातचीत करते हुए कहा कि-मैं किसी एक मैच को लेकर परेशान नहीं हूं, यह पब्लिक की शिकायत है और गांगुली को इसमामले में अपना पक्ष रखना है. उन्हें अपनी बात रखने के लिए हफ्ते भर का समय दियागया है.'बीसीसीआई के नए संविधान के मुताबिक गांगुली का मामला डायरेक्ट, इनडायरेक्ट,ट्रैक्टेबल और इंट्रेक्टेबल के तहत शायद न हो. क्लॉज़ 38(4) के नियमों के मुताबिक 16पदों पर एक व्यक्ति एक ही वक्त पर नहीं रह सकता है. क्लॉज़ के मुताबिक- अपवाद केअलावा कोई भी व्यक्ति एक ही वक्त में दो पदों पर नहीं रह सकता है.राहुल द्रविड़ (BCCI)साल 2017 में राहुल द्रविड़ भी ऐसे ही हालात में थे. राहुल, इंडिया ए और अंडर 19 केकोच के साथ आईपीएल में दिल्ली कैपिटल्स (दिल्ली डेयरडेविल्स) के मेंटर थे. जबबीसीसीआई को पता चला फिर नियमों को देखते हुए राहुल को दिल्ली का साथ छोड़ना पडा था.उस वक्त राहुल इंडिया ए और अंडर 19 के साथ बने थे.--------------------------------------------------------------------------------वीडियो- अपने कैफे को IPL सट्टे का अड्डा बनाने वाला पूर्व कोच तुषार अरोठेगिरफ्तार