न थे कमिंस, न हेजलवुड और न ही लायन, बैजबॉलर्स पर अकेले भारी पड़ गए स्टार्क
ऑस्ट्रेलिया और इंग्लैंड के बीच खेली गई एशेज सीरीज में Mitchell Starc का दबदबा रहा. उन्होंने इस सीरीज में धुआंधार गेंदबाजी करते हुए सबसे ज्यादा विकेट लिए. एशेज सीरीज में शानदार परफॉर्मेंस करने के लिए उन्हें प्लेयर ऑफ द सीरीज अव़ॉर्ड से नवाजा गया.

ऑस्ट्रेलिया और इंग्लैंड (Australia vs England) के बीच खेली गई एशेज सीरीज 2025-2026 संपन्न हो गई. इस सीरीज में ऑस्ट्रेलियाई बैटर्स और बॉलर्स का दबदबा देखने को मिला. कंगारू टीम ने अपनी बेहतरीन रणनीति और दमदार खेल के चलते इंग्लैंड को ज्यादातर बैकफुट पर रखा. ऑस्ट्रेलिया ने शुरुआत के 3 टेस्ट जीतकर एशेज पर कब्जा कर लिया था. इंग्लैंड ने चौथे टेस्ट में जीत दर्ज की, लेकिन पांचवें और आखिरी टेस्ट में उसे 5 विकेट से हार का सामना करना पड़ा. इस तरह ऑस्ट्रेलिया ने 2025-2026 एशेज सीरीज (Ashes Series) 4-1 से अपने नाम की. ऑस्ट्रेलिया को सीरीज जिताने में मिचेल स्टार्क (Mitchell Starc) का अहम योगदान रहा. पूरी सीरीज में इंग्लैंड के बल्लेबाज स्टार्क की काट नहीं ढूढ़ पाए. ऑस्ट्रेलिया के कप्तान ने मैच के दौरान जब कभी स्टार्क को गेंद थमाई तो उन्होंने निराश नहीं किया. वह एशेज सीरीज 2025-26 में सबसे ज्यादा विकेट लेने में सफल रहे. यही वजह रही स्टार्क को 'प्लेयर ऑफ द सीरीज' अवॉर्ड से नवाजा गया.
स्टार्क ने झटके सबसे ज्यादा विकेटइसी महीने 36 साल के होने जा रहे मिचेल स्टार्क ने अपनी बॉलिंग से इंग्लैंड के बल्लेबाजों के घुटने पर ला दिया. पूरी सीरीज में उन्होंने एक युवा गेंदबाज की तरह गेंदबाजी की. उन्होंने लंबे-लंबे स्पेल में बॉलिंग करके दिखाया कि अभी उनकी बाजुओं में बहुत दम है. पर्थ में खेले गए पहले टेस्ट में उनकी शानदार गेंदबाजी के आगे इंग्लैंड के बैटर्स ने सेरेंडर कर दिया. इस मुकाबले में स्टार्क ने 10 विकेट लिए. ब्रिस्बेन में खेले गए दूसरे टेस्ट में भी उनकी कातिलाना गेंदबाजी देखने को मिली. दूसरे मैच में उन्होंने 8 विकेट लेने के अलावा 77 रन भी बनाए. वहीं, एडिलेड टेस्ट में एक बार फिर स्टार्क गेंद और बल्ले से हावी रहे. इस मुकाबले में उन्होंने 61 रन बनाने के अलावा 4 विकेट भी उखाड़े. बॉक्सिंग डे टेस्ट (Boxing Day Test) में स्टार्क नहीं चले, जिसके चलते ऑस्ट्रेलिया को 4 विकेट से हार मिली. सिडनी में खेले गए सीरीज के पांचवें और अंतिम टेस्ट में स्टार्क ने 5 विकेट अपने नाम किए. इस तरह मिचेल स्टार्क एशेज सीरीज 2025-2026 में सबसे ज्यादा 31 विकेट लेने में सफल रहे. वहीं, बैटिंग की बात करें तो, उन्होंने 2 हाफ सेंचुरी सहित 156 रन भी बनाए.
ये भी पढ़ें : ‘टीम की सुरक्षा जोखिम में…’, बांग्लादेश के खेल सलाहकार ने ICC पर बड़ा बयान दे दिया
स्टार्क को मिला कॉम्पटन-मिलर मेडलपूरी सीरीज में शानदार परफॉर्मेंस करने के लिए मिचेल स्टार्क को 'कॉम्पटन-मिलर मेडल' से नवाजा गया. अब आपके जेहन में सवाल उठ रहा होगा कि यह 'कॉम्पटन मिलर मेडल' क्या है और यह क्यों दिया जाता है? दरअसल, 2005 की एशेज सीरीज से पहले इंग्लैंड एंड वेल्स क्रिकेट बोर्ड और क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया ने मिलकर इंग्लैंड के महान बल्लेबाज डेनिस कॉम्पटन और ऑस्ट्रेलिया के ग्रेट ऑलराउंडर कीथ मिलर के नाम पर 'कॉम्पटन-मिलर मेडल' देने की घोषणा की थी. यह अवॉर्ड एशेज सीरीज में बेस्ट परफॉर्मेंस देने वाले खिलाड़ी को दिया जाता है. वैसे आमतौर पर सीरीज में बेहतरीन प्रदर्शन करने वाले प्लेयर को प्लेयर ऑफ द सीरीज अवॉर्ड दिया जाता है. लेकिन, 2005 से एशेज सीरीज में मिलने वाले प्लेयर ऑफ द सीरीज अवॉर्ड को कॉम्पटन-मिलर मेडल कहा जाता है.
2025 में छाए रहे स्टार्कसाल 2025 में टेस्ट क्रिकेट में मिचेल स्टार्क का जलवा रहा. बाएं हाथ के इस बॉलर ने बीते साल सबसे ज्यादा 55 विकेट अपने नाम किए. इस दौरान उन्होंने 3 बार 5 विकेट और एक बार 10 विकेट लेने का करिश्मा किया. इससे पहले, मिचेल स्टार्क ने अपने टेस्ट करियर में एक कैलेंडर ईयर में इतने विकेट कभी नहीं लिए थे. आंकड़ों पर नजर डालें तो, स्टार्क के टेस्ट करियर में ऐसा सिर्फ दो बार हुआ है जब उन्होंने एक कैलेंडर ईयर में 50 या उससे ज्यादा विकेट लिए. साल 2016 में स्टार्क ने धुआंधार गेंदबाजी करते हुए सिर्फ 8 टेस्ट में 50 विकेट चटकाए थे. वहीं, 9 साल बाद 2025 में एक फिर मिचेल स्टार्क अपना करिश्माई प्रदर्शन दोहराने में कामयाब रहे.
सीरीज में क्यों खास रहे मिचेल स्टार्क?एशेज सीरीज 2025-2026 की जब कभी बात होगी तो मिचेल स्टार्क का नाम भी लिया जाएगा. दुनियाभर में ऐसे बहुत कम गेंदबाज हुए हैं जो 35 साल से ज्यादा की उम्र में लगातार 5 टेस्ट मैच खेलने का जज्बा रखते हों. स्टार्क ने अपनी उम्र को बौना साबित कर दिया. वह जो कहावत है कि एज इज जस्ट ए नंबर, मिचेल स्टार्क पर फिट बैठती है. शायद बहुत कम लोगों को यकीन रहा होगा कि स्टार्क सभी टेस्ट मैच खेलेंगे.जरा सोचिए, ऑस्ट्रेलिया के चोटी के टेस्ट बॉलर जोश हेजलवुड पूरी सीरीज में नहीं खेल पाए. कप्तान पैट कमिंस सिर्फ एक टेस्ट मैच खेले. वहीं स्पिनर नैथन लायन भी सभी टेस्ट मैचों में शिरकत नहीं कर पाए. इसके बावजूद, मिचेल स्टार्क अलग रंग में दिखे. उन्होंने अपनी शानदार फिटनेस के चलते पूरी सीरीज में कमाल की बॉलिंग की.
वीडियो: जेमी स्मिथ के किस विकेट ने रिकी पोंटिंग को भी निराश कर दिया?

.webp?width=60)
