रेसलिंग फेडरेशन ऑफ इंडिया के अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह के खिलाफ प्रदर्शन कर रहेपहलवानों ने अपने मेडल गंगा में नहीं बहाए. पहलवानों ने राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीयखेलों में मिले मेडल को गंगा में बहाने का ऐलान किया था. सभी पहलवान जंतर-मंतर सेहटाए जाने के बाद 30 मई की शाम हरिद्वार पहुंचे थे. मेडल विसर्जन से पहले 'हर कीपौड़ी' पर पहलवान रोते नजर आए. लेकिन किसान नेता नरेश टिकैत भी शाम को हरिद्वारपहुंचे और आखिरकार उन्होंने पहलवानों को मना लिया. इसके बाद पहलवानों ने मेडल गंगामें बहाने का अपना फैसला वापस ले लिया.