अमेरिकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप ने दावा किया था कि ईरान के ऊर्जा इंफ्रास्ट्रक्चरपर हमलों को रोकने के लिए एक समझौता हुआ है. मगर तेहरान ने इन दावों को खारिज करदिया. ईरान ने इसे 'मनोवैज्ञानिक ऑपरेशन' और 'फर्जी खबर' बताया, जिसका मकसद वित्तीयऔर तेल बाजारों में हेरफेर करना है. मगर इस बीच खबर आई कि पाकिस्तान नेअमेरिका-ईरान शांति वार्ता में मध्यस्थ की भूमिका निभाई है. और जल्द ही इस्लामाबादमें एक बैठक का आयोजन किया जा सकता है. पूरा मामला समझने के लिए देखें दुनियादारीका ये एपिसोड.