तुर्की और सीरिया में भूकंप ने हजारों जानें ले लीं. कुछ ऐसा ही भारत में भी होसकता है. ये अनुमान, फिर बता दें, अनुमान लगाया है कि नीदरलैंड के शोधकर्ता फ्रैंकहूगरबीट्स ने (Frank Hoogerbeets on Earthquake in India). फ्रैंक हूगरबीट्स वहीरिसर्चर हैं जिन्होंने 6 फरवरी से पहले ही तुर्की या उसके पड़ोसी इलाकों में बड़ेभूकंप की आशंका जता दी थी. उन्होंने 3 फरवरी को ट्वीट कर इसकी आशंका जताई थी. तीनदिन बाद उनकी बात सच साबित हुई. तुर्की और सीरिया में 7.8, 7.5 और 6.0 मैग्नीट्यूडके तीन भूकंप आए. इस आपदा ने अब तक तुर्की और सीरिया में 33 हजार से ज्यादा लोगोंकी जान ले ली है.