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1000 साल बाद ये फेमस मस्जिद देख सकीं औरतें

केरल की मस्जिद में मिली औरतों को एंट्री. औरतों के मस्जिद में होने पर मर्दों को किया गया बाहर.

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लल्लनटॉप
26 अप्रैल 2016 (अपडेटेड: 26 अप्रैल 2016, 10:38 AM IST)
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केरल के एक 1000 साल पुरानी मस्जिद में पहली बार औरतों को घुसने की इजाजत दी गई है. 24 अप्रैल को औरतों ने मस्जिद के अंदर जा कर इसका दीदार किया. केरल में थाजथाथनगड़ी में जुमा मस्जिद है. एक हजार साल पुरानी है. मस्जिद अपने आर्किटेक्चर औऱ लकड़ियों की नक्काशी के लिए फेमस है. हालांकि, मस्जिद में वो सिर्फ घूम सकेंगी. उन्हें नमाज अतां करने की इजाजत नहीं होगी. थाजाथनगड़ी में जुमा मस्जिद है.  इस मस्जिद को इंडिया की सबसे पुरानी मस्जिद माना जाता है. इसे ‘ताज जुमा मस्जिद’ भी कहते हैं. मस्जिद में लकड़ियों की नक्काशी को देखने के लिए दूर-दूर से लोग आते हैं. लेकिन यहां कि औरतें ही इसको देखने से महरूम थीं.
मस्जिद की कमेटी के प्रेसिडेंट नवाब मुल्लादम ने बताया कि दूर दराज से लोग इसे देखने आते है. यहां कि औरतों ने इसे अब तक नहीं देखा था. इसलिए कमेटी ने उन्हें अंदर आने कि इजाजत दी है. 
24 अप्रैल को जब इनके लिए मस्जिद को खोला गया तो हजारों मुस्लिम महिलाएं भी पहुंचे. महिलाएं अपने ट्रेडिशनल कपड़ों में थीं. 8 मई को इसे औरतों के लिए दुबारा खोला जाएगा. जब महिलाएं अंदर जाएंगी तो मर्दों को अंदर नहीं जाने दिया जाएगा. मस्जिद देखकर आई फातिमा कित्ती खुश हैं कि उन्हें अंदर जाने का मौका मिला. बतातीं हैं कि पहले जब वो मस्जिद के सामने खड़ी होती थीं तो बड़ा मन करता था अंदर से देखने का. लेकिन तब तो वो अपनी ख्वाहिश बताने से भी डरती थीं. औरतों को मस्जिद में जाने देने का फैसला ऐसे समय में आया है, जब पूजा-पाठ वाली जगहों पर महिलाओं की एंट्री को लेकर देश के कई मंदिरों और उनके बाहर बवाल मचा हुआ है. अभी सुप्रीम कोर्ट ने केरल के सबरीमाला मंदिर वालों को फटकार लगाई थी. सबरीमाला मंदिर ने 10 से 50 साल की औरतों का मंदिर में जाना मना था. इसपर सुप्रीम कोर्ट ने पूछा कि लड़कियों के पीरियड्स से मंदिर की ‘प्योरिटी’ पर कैसे असर पड़ सकता है. (ये स्टोरी दी लल्लनटॉप के साथ इंटर्नशिप कर रही आकांक्षा ने लिखी है.)

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