देश की सच्चाई सिर्फ उसकी बुराई में नहीं है
दुनिया बुरी है. बड़े तौर पर बुरी है, लेकिन छोटी-छोटी चीजों से अच्छी भी बनी रहती है.
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फोटो - thelallantop
एक न्यूजरूम है. आम सा जैसा कोई भी न्यूजरूम होता है. खबरों पे डिस्कशन हो रहा है. हेट स्पीच, दंगे- स्कैम, अपोजीशन वगैरह की. माने कौन सी खबर दिखाएं और कैसे चैनल को TRP दिलाएं. इतने में बॉस को बाहर कुछ दिखता है. एक सोसायटी के अंदर बड़ी स्क्रीन में मैच चल रहा है और एक बच्चा उसे बाहर से देखने की कोशिश कर रहा है. उसके पापा वहीं पर फुटपाथ की मरम्मत कर रहे हैं. अंदर से एक आदमी ये देख लेता है. फिर क्या होता है वीडियो में देख लीजिए.
https://www.youtube.com/watch?v=OppEPZ8e5mM
ये वीडियो हमको सही लगा. देश को सिर्फ बुरी चीजों से काहे जज करें? शीबा चड्ढा इसमें सबकी बॉस बनीं दिख रही हैं. शीबा वैसे भी इत्ती सेंटी दिखती हैं कि आदमी आधा इमोशनल तो उनको देख के हो जाता है. पर इसमें जो मैसेज दिया गया है. वो और इमोशनल सा है. जब हर ओर कुछ बुरा हो रहा हो तो और बुरा खोजने और बुरे को हाईलाईट करने से अच्छा छोटा ही सही, कुछ अच्छा सामने लाइए. दुनिया बुरी है. बहुत बड़े तौर पर बुरी है, लेकिन छोटी-छोटी चीजों से अच्छी भी बनी रहती है.
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