डेक्सटर याद है? फॉरेंसिक एक्सपर्ट था. पुलिस का आदमी लेकिन राज की बात ये कि मर्डरकर देता था. खुन्नस आई और अगले का काम तमाम. सारे ऐंगल मालूम थे कि पुलिस छानबीनकैसे करती है. तो पूरी सावधानी बरतता था. कहीं खून के निशान न रह जायें, या कहींकोई ऐसा सुराग न छूट जाये जिससे पुलिस उस तक पहुंच सके. आदमी को ऐसे मारता था जैसेलगता था कि गायब कर दिया हो. क्यूंकि खून हो जाने का कोई सुराग मौजूद ही नहीं रहताथा.इस क्रम में सबसे पहले उसका सजाया कमरा याद आता है. डेक्सटर किसी को भी मारने सेपहले एक कमरा तैयार करता था. जैसे हम अपनी मार्कशीट को लैमिनेट करवा लेते हैं, वैसेही वो कमरे को लैमिनेट कर देता था."attachment_24348" align="aligncenter" width="500"