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तुर्की के भूकंप ने एयरपोर्ट के रनवे को चीर कर रख दिया, हैरान करने वाला वीडियो वायरल

2200 साल पुराना महल भी नेस्तो-नाबूद.

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ट्विटर वायरल वीडियो स्क्रीनशॉट. (फोटो: सोशल मीडिया)
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आर्यन मिश्रा
7 फ़रवरी 2023 (अपडेटेड: 7 फ़रवरी 2023, 12:06 PM IST)
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तुर्की और सीरिया में भूकंप से जान-ओ-माल का बहुत बड़ा नुकसान हुआ है. ताजा रिपोर्टों के मुताबिक भूकंप से मारे गए लोगों की संख्या 4000 से ज्यादा हो चुकी है. अकेले तुर्की में मृतकों की संख्या तेजी से 3000 की ओर बढ़ रही है. सीरिया में मारे गए लोगों का आंकड़ा भी 1500 के आसपास पहुंच गया है. हजारों लोग घायल हैं. सैकड़ों इमारतें तबाह हो गई हैं. हर तरफ मलबे का ढेर दिख रहा है जिसमें से लाशें ही लाशें निकल रही हैं.

सड़कों को भारी नुकसान हुआ है. भूकंप से कई इलाकों की जमीन फटकर बाहर आ गई है. तुर्की के एक एयरपोर्ट का वीडियो वायरल है. इसमें भूकंप से दो फाड़ हुई सड़क देखी जा सकती है. बताया जा रहा है कि असल में ये सड़क एयरपोर्ट का इकलौता रनवे है जो भूकंप की वजह से इस्तेमाल करने लायक नहीं रह गया है. एक के बाद आए एक झटकों ने रनवे को चीर कर रख दिया है. 

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ये वीडियो है दक्षिणी तुर्की के हताय एयरपोर्ट का. इसमें रनवे वाली सपाट जमीन पर एक लंबी और बड़ी दरार दिख रही है. बताया गया है कि ये इस एयरपोर्ट का एक मात्र रनवे है जो भूकंप की भेंट चढ़ गया. तुर्की के अखबार डेली साबाह ने बताया कि रनवे पर दरार पड़ने के बाद हताय एयरपोर्ट पर विमानों का संचालन बंद कर दिया गया है. 

तुर्की के राष्ट्रपति रजब तैयब अर्दोआन ने कहा है कि सोमवार को आया भूकंप बीते दशकों में तुर्की की सबसे भीषण आपदा है. इस भूकंप में तुर्की का गाज़ियांटेप महल भी नेस्तो-नाबूद हो गया है. ये महल करीब 2200 साल पहले रोमन काल में वॉच टॉवर के रुप में बनाया गया था. 

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उधर यूनाइटेड नेशंस ने बताया कि सड़क टूटने और खराब मौसम की वजह से बचाव कार्य में परेशानी आ रही है. उसने कहा कि लोगों को रेस्क्यू करने के दूसरे तरीके निकालने होंगे. UN की शाखा यूनिसेफ ने भी खराब मौसम को लेकर चिंता जताते हुए कहा कि भूकंप से हजारों घर टूट गए हैं, इस वजह से भीषण ठंड में भी लोग राहत शिविरों में रहने पर मजबूर हैं.

भारत ने भेजी मदद

भूकंप से हुई तबाही ने तुर्की को अंतरराष्ट्रीय मदद मांगने पर मजबूर कर दिया है. उसने दुनियाभर के सक्षम देशों से मदद की गुहार लगाई है. भारत भी अपनी तरफ से हर संभव कदम उठा रहा है. विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता अरिंदम बागची ने बताया कि NDRF रेस्क्यू टीम का पहला दल अपने साथ राहत सामग्री लेकर तुर्की के लिए निकल चुका है. भारत ने स्पेशल डॉग स्क्वॉड, मेडिकल सप्लाई, ड्रिलिंग मशीन और दूसरी जरूरी चीजों को तुर्की भेजा है.

वीडियो: तुर्की भूकंप ने मचाई भयंकर तबाही, 7.8 मैग्नीट्यूड के बाद तबाही देख दुनिया हिल गई!

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