फिरोजाबाद के राजवली में दो बहनों की बारातों को रोक दिया गया क्योंकि दोनों दूल्हेदलित थे. बारात में कुछ लोग घुस गए और जबरन सारा बैंड-बाजा बंद करवा दूल्हों कोघोड़ी से उतरवा दिया. पुलिस के दखल देने पर बवाल शांत हुआ. फिर बिना किसी गाजे-बाजेऔर घोड़ी के बारात दुल्हनों के घर पहुंचाई गई. रजावली गांव में रहने वाले जगदीश दलितहैं. उन्होंने अपनी बेटियों की शादी अलीगढ़ में रहने वाले दो भाइयों से तय की. जिनकीबारात 19 अप्रैल की रात को गांव में आनी थी. लेकिन जब बारात को तैयार कर दूल्हों केपरिवार वाले निकले, तो कुछ लोगों ने उसे रोक दिया. क्योंकि शादी दलितों की थी. फिरपुलिस ने आ कर बवाल शांत करवाया. और बारात को सुरक्षित पहुंचाया. जगदीश का कहना हैकि उन्होंने पहले ही पुलिस को ये जानकारी दे दी थी कि कुछ लोग उनकी बेटियों कीबारात रोकने की कोशिश कर सकते हैं. क्योंकि गांव में दलितों को बारातें लाने काअधिकार नहीं है. पर सेफ्टी के तौर पर पुलिस ने कोई कदम नहीं उठाए थे. बारात मेंबवाल करने वालों के खिलाफ अभी तक कानूनी रूप से कोई कदम नहीं उठाए गए हैं.