'जाटों, जिसे तुम जला रहे हो वो तुम्हारी जमीन नहीं है क्या?'
जाट आंदोलन ऑफिशियली खत्म हो गया है. लेकिन 10 दिन के बाद भी इसकी दी हुई तपिश साल रही है.
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फोटो - thelallantop
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आरक्षण के लिए हरियाणा में जाटों का आंदोलन खत्म हो गया है, लेकिन हिंसा पूरी तरह नहीं थमी है. दसवें दिन तक 18 लोग मर चुके हैं. सैकड़ों घायल हैं और लगभग 34,000 करोड़ रुपयों का नुकसान हरियाणा सरकार को हो चुका है. बीते सोमवार को सोनीपत में जब सड़क जाम किए बैठे प्रदर्शनकारियों को पुलिस ने हटाने की कोशिश की तो बौराई भीड़ ने उनपर हमला कर दिया. हमले में तीन लोग मारे गए, 9 लोग घायल भी हुए. इसके अलावा रोहतक, कैथल और हिसार में तोड़-फोड़ जारी है. रोहतक, भिवानी, सोनीपत और झज्जर में कर्फ्यू है. भसड़ फैलाने वालों को रोकने के लिए सरकार को आर्मी का सहारा लेना पड़ा.
सोमवार शाम तक जब लगने लगा था कि शायद बौराए लोग थोड़े शांत हो सकें, कहानी में आया एक नया ट्विस्ट. ट्विस्ट ये कि मीडिया को हाथ लगी है एक ऑडियो क्लिप जिसमें हरियाणा के मुख्यमंत्री रह चुके कॉन्ग्रेस नेता भूपिंदर सिंह हुड्डा हिंसा भड़काते हुए सुनाई पड़ रहे हैं. ऑडियो क्लिप में प्रोफेसर वीरेंदर की आवाज सुने दे रही है, जो हुड्डा के राजनैतिक सलाहकार रहे हैं. वीरेंदर 'कप्तान' मान सिंह को ये कहते सुनाई पड़ रहे हैं कि हिंसा चल तो ठीक रही है पर सिरसा साइड में प्रदर्शन ठीक तरीके से नहीं हो रहा. ये भी बता दें कि मान सिंह झज्जर से प्रदर्शनकारियों का नेता रहा है.
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वीरेंद्र ने मान भी लिया है कि क्लिप में उन्हीं की आवाज है. पर किसी तरह की हिंसा भड़काने की बात से साफ़ मना कर रहे हैं. कह रहे हैं क्लिप में कहीं भी उन्होंने हिंसा की बात नहीं कही है. क्लिप के साथ छेड़खानी कर उसे ऐसा बनाया गया है. हालांकि क्लिप के ओरिजिनल होने का अब भी कोई प्रूफ नहीं मिला है. लेकिन कॉन्ग्रेस ने वीरेंद्र को शो-कॉज नोटिस इशू कर दिया है.
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इधर हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहरलाल खट्टर ओपी धनखड़ और कप्तान अभिमन्यु के साथ रोहतक का दौरा कर रहे हैं. इसके बाद दिल्ली आकर आरक्षण के मुद्दे पर वेंकैया नायडू के नेतृत्व में बनी कमिटी के साथ मीटिंग करेंगे.
बता दें कि रविवार को केंद्र ने राजनाथ सिंह के नेतृत्व में हुई मीटिंग में तय जाटों को OBC का दर्जा देने पर डिस्कशन किया था. मीटिंग के बाद बीजेपी लीडर अनिल जैन ने बताया था कि लोकसभा के अगले सेशन में जाट रिजर्वेशन बिल लाया जाएगा. लेकिन जाट प्रदर्शनकारियों ने जवाब में कहा कि वो हिंसा और विरोध प्रदर्शन तब तक नहीं रोकेंगे जब तक रिजर्वेशन मिलने की खोखली बातों के बजाय कोई सॉलिड प्रॉमिस मिल सके.
पर ये सब तथ्य हैं. सच तो ये है कि हिंसा बुरी होती है, कारण कोई भी हो. सच ये है कि जो 19 लोग मरे हैं, वो अकेले नहीं मरे. साथ उनके परिवार वाले, उनके दोस्त मरे होंगे. देश की इतिहास में कुछ सालों बाद 'जाट रिजर्वेशन' एक विकिपीडिया पेज बनकर रह जाएगा. पर मरने वालों के घर वालों के जीवन का सबसे काला दिन होगा.
महिलाओं ने पूछा, 'क्या पत्थर के हो गए हैं जाटों के दिल?'
कालवा गांव के निवासी कमल अपनी तीन बेटियों का सामूहिक विवाह करा रहे थे. बरातें आ तो गयीं. शादी भी हुई. पर बारातें विदा होने में दो दिन लग गए. क्योंकि प्रदर्शनकारी सड़कें जाम कर बैठे थे. लोग डरे हुए थी बारातें विदा हुईं तो कहीं कोई मार पीट न हो जाए.
वहीं फरीदाबाद में प्रदर्शनकारियों की तोड़-तोड़ से एक महिला और बच्चों समेत 20 लोग घायल हो गए.
रोहतक में रहने वाली चंचल ने बताया कि उनकी ददुकान जला दी गई. चंचल एक विधवा थीं. दो बेटियां थीं उनकी. ढाबे की कमाई से घर का खर्च चलता था. चंचल ने बताया जब उसने फायर ब्रिगेड को बुलाया तो उन्होंने आने से मन कर दिया. चंचल रेत से आग बुझाने की कोशिश करती रही. पर ढाबा जल गया.
हरियाणे की छोरी का वीडियो वायरल
हरियाणा के वो लोग जो इस हिंसा और तोड़-फोड़ के बीच जी रहे हैं, उनके लिए ये कोई राजनैतिक नहीं, बल्कि पर्सनल इशू है. जिनकी सड़कें जाम हैं, जिनके घर जल रहे हैं, वो तो सिर्फ सुकून चाहते हैं. जो अपनों को खो रहे हैं, वो तो बस ये चाहते हैं कि सड़कों पर उतरे उनके जाट भाई शांत हो जाएं. देखिए क्या कहती है हरियाणा की ये बेटी जिसका नाम है अनुराधा बेनीवाल. नेशनल लेवल चेस चैंपियन रह चुकी है. जाट है. ये कहती है कि जब ये चेस सीखने गयी तो किसी ने इसकी जाति नहीं पूछी. लेकिन आज ये पूछ रही है एक जरूरी सवाल, उन आंदोलनकारियों से अपनों के हित की बात कर अपनों को ही नुकसान पहुंचा रहे हैं. देखिए वीडियो 'द क्विंट' के सौजन्य से.
https://www.youtube.com/watch?v=q4n-TT4_1yg

