मंदी पर बोले बाबा रामदेव, अब खुद मोदी तो खेत में हल जोतेंगे नहीं
योगगुरु ने दीपिका पादुकोण पर भी बयान दिया है.

देश की इकनॉमी को लेकर योगगुरु रामदेव ने कुछ ऐसी बात कह दी है, जिसे हजम करने में कई लोगों को परेशानी हो सकती है. रामदेव ने कहा कि पीएम मोदी ने नोटबंदी, जीएसटी और दूसरी जो भी आर्थिक सुधार किए हैं, उनके पीछे सरकार की नीयत 'अच्छी' थी. देश ने इन सुधारों को 'पचा' लिया है. उन्होंने कहा कि देश को आगे बढ़ाने की ज़िम्मेदारी सवा सौ करोड़ जनता की भी है, अब खुद मोदी खेत में हल तो जोतेंगे नहीं.
जब रिपोर्टरों ने रामदेव से देश में आर्थिक सुस्ती पर उनकी प्रतिक्रिया जाननी चाही, तो उन्होंने कहा:
खुद पीएम ने हाल ही में कहा है कि भारतीय अर्थव्यवस्था में बड़ी ताकत है. देश आर्थिक सुस्ती के दौर से उबर जाएगा. पीएम और फाइनेंस मिनिस्टर ने इन हालात पर अपनी आंखें बंद नहीं कर रखी हैं.
रामदेव ने आगे कहा:
लोगों को निगेटिव चीजों पर रोना नहीं चाहिए, बल्कि ये सोचना चाहिए कि देश आगे कैसे बढ़ेगा. क्योंकि देश को आगे बढ़ाने की ज़िम्मेदारी सवा सौ करोड़ जनता की भी है. अब खुद मोदी तो खेत में हल तो जोतेंगे नहीं. या कोई कंपनी तो चलाएंगे नहीं.
दरअसल, रामदेव इंदौर में रुचि सोया और पतंजलि आयुर्वेद से जुड़े लोगों के साथ हुई एक बैठक में शामिल हुए. उन्होंने वहीं ये सारी बातें कहीं. पतंजलि ने देश की जानी-मानी कंपनी रुचि सोया को 4350 करोड़ में खरीद लिया है. रामदेव का कहना है कि पतंजलि ने अपने बिजनेस के विस्तार का पहला अभियान पूरा कर लिया है. अब वो रुचि सोया में 50 हजार करोड़ रुपये से ज्यादा की पूंजी लगाने की योजना बना रहे हैं. इस लक्ष्य को हासिल करने के लिए नए प्रोडक्ट भी वो लॉन्च करेंगे.
जब मोदी सरकार पर निशाना साधा था-
ये वही रामदेव हैं, जिन्होंने पीएम मोदी पर रुपये और डॉलर को लेकर निशाना साधा था. सितंबर, 2018 में आज तक के हल्ला बोल कार्यक्रम में रामदेव पहुंचे थे. उन्होंने कहा था-
रुपया नहीं गिरा है, देश की साख भी गिरी है. अगर यही हाल रहा तो, एक डॉलर की कीमत 80 रुपये के बराबर हो जाएगी. सरकार चाहे तो पेट्रोल और डीजल के टैक्स घटा सकती है, इससे पेट्रोल-डीजल के दाम में कमी आ सकती है. ये 35-40 रुपये में मिल सकता है.
उन्होंने कहा था महंगाई की आग बुझानी पड़ेगी, नहीं हो मोदी सरकार को ये आग बहुत महंगी पड़ेगी. रामदेव ने कहा था कि डॉलर के सामने रुपये की कीमत 70 हो गई. हो सकता है कि कल 80 रुपये देकर हमें एक डॉलर खरीदना पड़े. जब हिन्दुस्तान आजाद हुआ था, उस समय रुपया और डॉलर बराबर थे.
'दीपिका का एडवाइजर रामदेव को होना चाहिए'
दीपिका पादुकोण JNU गई थीं. उस पर काफी बवाल हुआ. लोगों ने तरह-तरह की प्रतिक्रिया दी. अब रामदेव ने भी अपने मन की बात की. उन्होंने कहा-दीपिका में अभिनय के नजरिए से कुशलता होना अलग बात है. लेकिन सामाजिक, राजनीतिक और सांस्कृतिक मुद्दों का ज्ञान हालिस करने के लिए उन्हें देश के बारे में समझना-पढ़ना पड़ेगा. मुझे लगता है कि दीपिका पादुकोण को स्वामी रामदेव जैसे सलाहकार को रख लेना चाहिए, जो उन्हें ऐसे मुद्दों पर सही बता सके.
वीडियो देखें : जिस पतंजलि ने स्वदेशी का हल्ला काटकर ढेर पैसा पीटा, वो विदेशी कंपनी से हाथ मिलाएगी!

