शिरडी वाले साईं बाबा के जन्मस्थान पर विवाद हो गया है लेकिन क्यों?
इसका उद्धव ठाकरे से एक कनेक्शन है.
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महाराष्ट्र के सीएम और शिवसेना प्रमुख उद्धव ठाकरे ने पाथरी के लिए 100 करोड़ रुपए के पैकेज का ऐलान किया है. NCP नेता दुर्रानी अब्दुल्ला खान ने कहा था कि साईं बाबा का जन्मस्थान पाथरी है, शिरडी नहीं. फोटो: India Today
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शिरडी वाले साईं बाबा. उन्हें लेकर एक विवाद हो गया है. कुछ लोग शिरडी को साईं का जन्मस्थान मानते हैं. कुछ नहीं मानते. अब कई रिपोर्ट में कहा जा रहा है कि महाराष्ट्र के सीएम उद्धव ठाकरे ने एक बयान दिया है. इंडिया टुडे के मुताबिक, उद्धव ने कहा कि साईं बाबा का जन्मस्थान पाथरी है, जो कि शिरडी से 275 किमी दूर है. इसके विकास के लिए सरकार ने 100 करोड़ रुपए का भी ऐलान किया है. अब शिरडी के साईं भक्त नाराज़ हो गए हैं.
विवाद के बाद ऐसी ख़बर आई कि साईं बाबा संस्थान ट्रस्ट ने 19 जनवरी से अनिश्चितकाल के लिए शिरडी धाम बंद रखने का फैसला किया है. लेकिन अब ट्रस्ट ने कहा कि ये महज़ अफवाह है. साईं मंदिर के सीईओ दीपक मुगलीकर ने कहा,
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कुछ ऐसी मीडिया रिपोर्ट हैं कि साईं मंदिर 19 जनवरी से बंद रहेगा. मैं स्पष्ट करना चाहता हूं कि ये महज अफवाह है. 19 जनवरी को मंदिर खुला रहेगा.
मामले में राजनीति भी शुरू हो गई है पाथरी को तीर्थस्थल की तरह विकसित करने की महाराष्ट्र सरकार की घोषणा पर राजनीति भी शुरू हो गई है. इंडियन एक्सप्रेस के मुताबिक, अहमदनगर से भाजपा विधायक सुजय विखे-पाटिल ने कहा,Dipak Muglikar, Chief Executive Officer, Sai Temple in Shirdi: There are some reports in media that Sai Temple in Shirdi will remain close on 19th January. I want to clarify that it is just a rumour. Temple will remain open on 19th January. #Maharashtra pic.twitter.com/o4r013rZl4
— ANI (@ANI) January 18, 2020
इस मुद्दे पर शिरडी निवासी ‘कानूनी लड़ाई’ भी शुरू कर सकते हैं. साईं बाबा के जन्मस्थान को लेकर कोई विवाद नहीं रहा. फिर कैसे ये मुद्दा बन गया और सरकार बदलते ही पाथरी के जन्मस्थान के सबूत कहां से आ गए? कोई नेता तय नहीं कर सकता कि साईं बाबा कहां पैदा हुए थे?एनसीपी नेता ने कहा- पाथरी ही है जन्मस्थान इसके उलट एनसीपी नेता दुर्रानी अब्दुल्ला खान ने दावा किया कि इस बात के पर्याप्त सबूत मौजूद हैं कि साईं बाबा का जन्मस्थान पाथरी है. दुर्रानी ने कहा कि शिरडी साईं बाबा की कर्मभूमि है और पाथरी जन्मभूमि है. उन्होंने आरोप लगाया कि शिरडी निवासी अपनी कमाई बंटने के डर से विरोध कर रहे हैं. हालांकि कांग्रेस नेता और पूर्व सीएम अशोक चव्हाण ने कहा कि जन्मस्थान के विवाद की वजह से पाथरी में सुविधाओं का विरोध नहीं होना चाहिए. शंकराचार्य स्वरूपानंद ने सवाल उठाए थे साईं बाबा को लेकर विवाद तब शुरू हुआ था जब द्वारका पीठ के शंकराचार्य स्वामी स्वरूपानंद ने सवाल उठाए थे कि साईं बाबा भगवान हैं या नहीं. इनकी पूजा की जा सकती या नहीं. उस समय मुंबई में साईं धाम चैरिटेबल ट्रस्ट के रमेश जोशी ने RTI में महाराष्ट्र सरकार से जानकारी मांगी थी. जवाब में बताया गया था कि सरकार के पास साईं बाबा से संबंधित कोई भी जानकारी नही है. इसके बाद जोशी ने महाराष्ट्र सरकार से इसकी जांच कराने की मांग की थी.
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