दावोस में चल गई. अरे चाकू छुरी नहीं, मोदी जी की जबान. लोग इतना हिसाब किताब केपक्के हो गए हैं कि जबान फिसलना भी कैलकुलेट कर रहे हैं. इत्ती मैथ पढ़े होते तोपर्ची के बावजूद हाईस्कूल में साइंस साइड फेल नहीं होते. अब जिसे देखो फेसबुक,ट्विटर, व्हाट्सऐप, इंस्टा, सब पर पोस्ट धकेले पड़ा है. किसी की टांग खींचने की भीहद होती है यार. सच्चाई जाने बिना लिहो लिहो कर रहे हैं. शर्मनाक. दुखद. हमारे पाससुबूत हैं कि मोदी जी ने सच कहा है. पढ़ लो आंखों का रेटिना बाहर निकाल के.1.ये मन की बात है, मस्तिष्क नहीं समझेगा. भावनाओं से देखो तो समझ में आएगा. निदाफाजली साहब ने बहुत पहले ही कह दिया था. हर आदमी में होते हैं दस बीस आदमी. अबहिसाब लगा लो.2.भारत की पुण्य धरा पर सवा सो करोड़ मितरों के अलावा 33 करोड़ देवी देवता भी हैं.मैं उनकी बात नहीं कर रहा. अपने आस पास के भक्तों को ध्यान से देखो. अरे बुरा माननेवाली बात नहीं मैं आसाराम, रामपाल, राम रहीम के भक्तों की बात कर रहा हूं. इस लिहाजसे इन देवताओं की जनसंख्या भी बढ़ती जा रही है. ये भी तो साथ देते हैं चुनाव केटाइम.कोई बात नहीं, कन्हैया भी जेल में पैदा हुए थे. (कन्हैया कुमार नहीं)3.अब आपको त्रेतायुग में ले चलता हूं. गोस्वामी तुलसी दास जी ने क्या खूब पंक्तियांलिखी हैं.हे खग मृग हे मधुकर श्रेणी, तुम देखीं सीता मृगनैनी!अर्थात जब भगवान राम सीता माता को खोज रहे थे तो उनके काम में खग मृग पेड़ पत्ते सबसाथ दे रहे थे. मोदी जी ने भी अपने मेनिफेस्टो में राम मंदिर बनवाने का वादा कियाथा अर्थात राम का काम करने वाले थे. तो उनका साथ भी गाय माताओं एवं पेड़ पत्तों नेदिया.मोदी जी की विजय गाथा लिखते गोस्वामी जी4.ये जो 600 करोड़ का आंकड़ा है ये जीएसटी और कृषि सेस वगैरह जोड़कर है. मोदी जी जबराजसूय यज्ञ यानी प्रधानमंत्री बनने की तैयारी कर रहे थे तब ये सब नहीं था. बिनाटैक्स की जनसंख्या ज्यादा थी यार.सॉरी, जीएसटी की जगह नोटबंदी की फोटो लग गई5.मोदी जी को जिताने में इनका बड़ा योगदान था. इसीलिए मोदी जी इन्हें थैंक्यू बोलनेभी गए थे.भीम आर्मी की छोटी बहन मीम आर्मीमेरे खयाल से इतने सुबूत काफी होंगे देश विरोधियों के लिए.अब देख लो वो वीडियो:--------------------------------------------------------------------------------ये भी पढ़ें:-6 डिग्री में मोदी जी को पसीना लाने वाली खबर आई हैये पहली बार नहीं है, जब नरेंद्र मोदी ने किसी 'खास' के लिए प्रोटोकॉल तोड़ाइन 5 कुतर्कों के चलते आपसे लगातार हर बहस जीतते आ रहे हैं लोग