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'समाज में व्यक्तिगत नफरत नहीं होनी चाहिए... ', RSS के दूसरे नंबर के नेता ने किसको मैसेज दे दिया?

RSS सरसंघचालक बोले- एक-दूसरे से बैर रखना ठीक नहीं

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7 अगस्त 2023 (अपडेटेड: 7 अगस्त 2023, 12:04 PM IST)
RSS general secretary Dattatreya Hosabale there should not be personal hatred in society
नागपुर में दत्ताजी डिडोलकर के जन्म शताब्दी समारोह में सभा को संबोधित कर रहे थे होसबाले (फाइल फोटो-PTI)
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राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के सरसंघचालक दत्तात्रेय होसबाले (Dattatreya Hosabale) ने बड़ी बात कही है. रविवार 6 अगस्त को वो नागपुर में दत्ताजी डिडोलकर के जन्म शताब्दी समारोह में पहुंचे थे. इस दौरान उन्होंने लोगों को संबोधित करते हुए वैचारिक विरोध और व्यक्तिगत नफरत पर बात की. जोर दिया कि समाज में व्यक्तिगत नफरत नहीं होनी चाहिए.

समारोह के दौरान दत्तात्रेय होसबाले ने कहा,

विचारधारा का विरोध हो सकता है. वैचारिक विरोध अलग बात है, लेकिन समाज में व्यक्तिगत स्तर पर नफरत नहीं होनी चाहिए. जब ​​हम समाज में रहते हैं तो एक-दूसरे से बैर नहीं रखना चाहिए, बल्कि मानवता और न्याय के सिद्धांतों पर सादा जीवन जीना चाहिए.

बता दें, डिडोलकर RSS नेता और अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) के संस्थापक सदस्य थे. उनके बारे में बात करते हुए होसबाले ने कहा,

डिडोलकर जी ने सौहार्दपूर्ण संबंध बनाए रखे और अपनी विचारधारा से समझौता किए बिना दूसरों के विचारों का सम्मान किया. असहमति हो सकती है, लेकिन किसी ने भी हमें समाज में एक-दूसरे के प्रति नफरत के साथ रहना नहीं सिखाया है. दत्ताजी जैसे लोगों ने हमें विवेक और बड़ा दिल रखना सिखाया है.

फोटो- PTI

समारोह में बीजेपी सांसद और केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी भी पहुंचे. मंच पर भाषण देते हुए उन्होंने विद्यार्थी परिषद के दिनों के दौरान डिडोलकर के साथ अपने रिश्तों को याद किया. उन्होंने बताया कि दत्ताजी हमेशा श्रमिकों के पीछे खड़े रहे. वो श्रमिकों के लिए एक अभिभावक की तरह थे. 

कौन हैं दत्तात्रेय होसबाले?

दत्तात्रेय होसबोले का जन्म कर्नाटक के शिमोगा जिले में 1 दिसंबर 1955 को हुआ था. होसबोले साल 1968 में महज 13 साल की उम्र में ही संघ से जुड़ गए थे और 1972 में संघ के छात्र संगठन अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद में शामिल हो गए. वो 1975-77 के जेपी आंदोलन में भी सक्रिय रहे और इमरजेंसी के दौरान जेल भी गए. वो कन्नड़ के अलावा अंग्रेजी, हिंदी, संस्कृत, तमिल और मराठी भाषा भी जानते हैं. होसबाले तुलनात्मक रुप से अपने खुले विचारों के लिए जाने जाते हैं. 

2009 से वो RSS में सह सरकार्यवाह पद की जिम्मेदारी संभाल रहे थे. 2021 में उन्हें सरकार्यवाह की जिम्मेदारी दी गई जो कि RSS में सरसंघचालक के बाद नंबर दो का पद माना जाता है. 

वीडियो: RSS के सर कार्यवाह दत्तात्रेय होसबाले ने गोमांस खाने वालों पर ये क्या बोल दिया?

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