मियां, बीवी विद फैमिली हो जाओ राजी, ये रही पहली महिला काज़ी
राजस्थान को बधाई. और इन काज़ी साहिबा के नंबर ऐसे आए हैं एग्जाम में कि आपको इंटर-हाईस्कूल याद आ जाएगा.
Advertisement

फोटो - thelallantop
Quick AI Highlights
Click here to view more
बधाई हो. राजस्थान को अपनी पहली महिला काजी मिल गई है. हां वही, 'जब मियां बीवी राजी तो क्या करेगा काजी' वाला काजी. कोई जुगाड़ सिफारिश से काजी नहीं बनी हैं. दो साल का ट्रेनिंग कोर्स किया है मुंबई के दारुल-उलूम-निशावा से, राजस्थान की महिला काजी जहां आरा ने.
जहां आरा जयपुर की रहने वाली हैं. शुक्रवार को जहां आरा को उनका सर्टिफिकेट 'काजियात' मिल गया है. पर अइसा नहीं है कि जहां आरा ने सिर्फ कौमी पढ़ाई की है. कुरान, हदीस, संविधान और महिला अधिकारों की पढ़ाई भी की है जहां आरा ने.
जहां आरा ने कहा, 'मैंने महिला अधिकारों की सलीके से पढ़ाई की. मेरे लिए ये सब काफी चैलेंजिंग रहा. पर फिर भी मैं एग्जाम में 69 पर्सेंट नंबर्स से पास हो गई. काजी बनना मेरे लिए फख्र की बात है. काजी बनने सिर्फ निकाह करवाने तक नहीं है, ये इससे आगे की बात है. जिम्मेदारियां और भी रहती हैं.'

