राहुल गांधी जोश-जोश में आतंकी मसूद अजहर के बारे में ये क्या बोल गए!
बीजेपी ऐसे ही मौकों का तो इंतजार करती है.
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राहुल गांधी मसूद अजहर के आगे जी लगा कर फंस गए हैं.
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तारीख 11 मार्च 2019. जगह दिल्ली. कांग्रेस के बूथ अध्यक्षों का सम्मेलन. कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी कार्यकर्ताओं को संबोधित कर रहे थे. अब ताजा-ताजा चुनावों की घोषणा हुई है तो जोश लाजमी है. नरेंद्र मोदी और केंद्र सरकार पर दे तीर, दे तीर चला रहे थे. पर ये करते करते राहुल कुछ ज्यादा ही जुशिया गए. एक तीर खुद पर ही चला दिए. पुलवामा हमले पर केंद्र सरकार को घेरते-घेरते वो इस वक्त देश के लिए सबसे बड़े विलेन मसूद अजहर को मसूद अजहर जी बोल गए. राहुल ने बोला -
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ये 56 इंच वाले. छाती वाले. आपको याद होगा कि जब इनकी पिछली सरकार थी तो एयरक्राफ्ट में मसूद अजहर जी के साथ बैठकर जो आज नैशनल सिक्युरिटी एडवाइजर हैं, अजीत डोवल. मसूद अजहर को जाकर कांधार में हवाले करके आ गए थे. पुलवामा में अगर बम ब्लास्ट हुआ. जरूर पाकिस्तान के लोगों ने, जैश ए मोहम्मद ने करवाया. मगर मसूद अजहर को बीजेपी ने छोड़ा. कांग्रेस के दो प्रधानमंत्री शहीद हुए हैं. हम किसी के सामने नहीं झुकते.अब सुन लीजिए -
आगे राहुल बोले- पूरा देश समझता है, नरेंद्र मोदी के मुंह से सच्चाई नहीं निकल सकती है. अब नरेंद्र मोदी के मुंह से क्या निकलेगा, जनता उस बात का उनसे हिसाब मांगेगी. मगर फिलहाल राहुल गांधी ये बताएं कि ये मसूद अजहर के आगे जी लगाने का आइडिया उनको किसने दिया. क्या ये उनके भाणण के फर्रे पर लिखा था. या उन्होंने खुद ही इस जी का आविष्कार किया. लोग कह सकते हैं कि अरे राहुल तो व्यंग कर रहे थे. अरे तो कीजिए न मसूद अजहर के आगे जी लगाने की क्या जरूरत. फिर आप कोई गली के नेता तो हैं नहीं कि लड़के हैं गलती हो जाती है कहकर पल्ला झाड़ लिया जाए. एक राष्ट्रीय पार्टी के अध्यक्ष हैं. तो खयाल तो रखना ही होगा. फिर एक और सवाल ये कि ये जी का आइडिया ये कांग्रेस नेताओं को ही क्यों सूझता है. राहुल से पहले दिग्विजय सिंह ने भी ये कारनामा किया था. वो तो मसूद अजहर के भी काका ओसामा बिन लादेन के आगे जी लगा बैठे थे. उस वक्त दिग्गी राजा की बहुत भद पिटी थी. सोशल मीडिया से लेकर टीवी तक लोगों ने उनको दौड़ा लिया था. इसके बावजूद राहुल गांधी ये कैसे बोल गए. ये तो वो ही बता सकते हैं. मतलब प्रियंका गांधी, अहमद पटेल, के राजू और कांग्रेस की पूरी कंपनी राहुल गांधी की इमेज सुधारने में महीनों मेहनत करती है और फिर राहुल गांधी एक दिन आते हैं और जी जी कर जाते हैं. और सब धुल जाता है. और विरोधियों को बैठे-बिठाए मिल जाता है कंटेंट, जिसका सोशल मीडिया पर जमके इस्तेमाल हो रहा है.#WATCH Rahul Gandhi in Delhi: You would remember that during their(NDA) last Govt, current National Security Advisor Ajit Doval went to Kandahar to hand over Masood Azhar. pic.twitter.com/xTErFR6rjV
— ANI (@ANI) March 11, 2019
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