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'NDA के लोग हमारे संपर्क में...', विदेशी मीडिया से इंटरव्यू में राहुल गांधी ने ऐसा क्यों कहा?

Rahul Gandhi ने दावा किया है कि Modi Government में ‘बहुत असंतोष’ है. उनका कहना है कि NDA में कई ‘ऐसे लोग हैं, जो उनके संपर्क में हैं.’

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Modi government will ‘struggle’ to survive
राहुल गांधी ने कहा कि छोटी सी गड़बड़ी सरकार को गिरा सकती है. (फ़ोटो - PTI)
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18 जून 2024
Updated: 18 जून 2024 15:04 IST
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देश में लोकसभा चुनाव संपन्न हुआ. NDA ने चुनाव जीत लिया. BJP को इस चुनाव में 240 सीटें मिलीं. ये सीटें 2019 की 303 सीटों के मुकाबले 63 कम हैं. इस बीच राहुल गांधी ने फाइनेंशियल टाइम्स (Rahul Gandhi interview to Financial Times) को इंटरव्यू दिया है. इस इंटरव्यू में राहुल गांधी ने कहा है कि अप्रत्याशित चुनाव रिजल्ट के बाद भारतीय राजनीतिक परिदृश्य में एक 'बड़ा बदलाव' आया है. उन्होंने दावा किया कि पीएम मोदी (PM Narendra Modi) की सरकार को अपना अस्तित्व बचाए रखने के लिए 'संघर्ष' करना पड़ेगा.

राहुल गांधी ने फाइनेंशियल टाइम्स के दक्षिण एशिया ब्यूरो चीफ जॉन रीड को दिए इंटरव्यू में बताया,

"भारतीय राजनीतिक व्यवस्था में जगह खाली हो गई है. भारतीय राजनीति में एक बड़ा बदलाव हुआ है."

फाइनेंशियल टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक़, भारत के राजनीतिक विश्लेषकों ने NDA गठबंधन की स्थिरता पर सवाल उठाए हैं. विश्लेषकों का मानना है कि ये एक दशक में सबसे कमजोर लीड है. अब BJP को सत्ता बनाए रखने के लिए छोटे सहयोगी दलों पर निर्भर रहना पड़ेगा. INDIA ब्लॉक ने 543 में से 234 सीटें जीतीं, जबकि BJP के नेतृत्व वाले NDA ने 293 सीटें जीतीं. माना जा रहा है कि राहुल को नई संसद में विपक्ष का नेता बनाया जाएगा. राहुल गांधी ने कहा,

“संख्या इतनी कम है कि स्थिति बहुत नाजुक है. छोटी सी गड़बड़ी सरकार को गिरा सकती है. बस किसी एक सहयोगी को दूसरी तरफ मुड़ना है.”

गांधी ने दावा किया कि मोदी के खेमे में ‘बहुत असंतोष’ है और उनके यहां ‘ऐसे लोग हैं, जो हमारे संपर्क में हैं.’ हालांकि उन्होंने इसके बारे में विस्तार से बात करने से मना कर दिया. राहुल ने कहा कि लोकसभा चुनाव के दौरान, मोदी ने धार्मिक तनाव का फ़ायदे उठाने की कोशिश की. भारत के बड़े मुस्लिम अल्पसंख्यक वर्ग को उन्होंने ‘घुसपैठिए’ कहा. राहुल ने आरोप लगाया कि मोदी बार-बार कहते रहे कि कांग्रेस निचली जाति के हिंदुओं के लिए निर्धारित रोजगार और अन्य ‘आरक्षण’ को खत्म कर देगी.

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राहुल गांधी ने आगे कहा,

"उन्हें लगा कि वो नफरत फैला सकते हैं, गुस्सा फैला सकते हैं और इसका फ़ायदा उठा सकते हैं. लेकिन भारत के लोगों ने इस चुनाव में इसे खारिज कर दिया है. यही कारण है कि NDA गठबंधन संघर्ष करेगा, क्योंकि 2014 और 2019 में पीएम मोदी के लिए जिस चीज़ ने काम किया, वो अब काम नहीं कर रहा है."

राहुल ने ये भी दावा किया कि निष्पक्ष परिस्थितियों में, विपक्षी INDIA गठबंधन ने ‘बिना किसी शक के’ बहुमत हासिल कर लिया होता. लेकिन उन्होंने वोटिंग से पहले, दो राज्य के मुख्यमंत्रियों को जेल में डाल दिया. कांग्रेस के कुछ बैंक खातों को फ्रीज कर दिया गया. उन्होंने कहा,

"हमने अपने हाथ पीछे बांधकर लड़ाई लड़ी. भारतीय लोग, गरीब लोग, ठीक से जानते थे कि उन्हें क्या करना है. न्यायिक प्रणाली, मीडिया, संस्थागत ढांचा सब (विपक्ष के लिए) बंद थे और इसलिए हमने फैसला किया कि हमें सचमुच, शारीरिक रूप से ऐसा करना होगा. इस चुनाव में सफल होने वाले बहुत से विचार ‘भारत जोड़ो यात्रा’ से आए थे. वो हमसे नहीं, बल्कि भारत के लोगों से आए थे. पीएम मोदी का विचार और उनकी छवि ख़त्म हो चुकी है. जिस पार्टी ने पिछले 10 साल अयोध्या के बारे में बात करने में बिताए, उसका अयोध्या में सफाया हो गया है."

उनका कहना है कि असल में जो हुआ है, वो ये है कि BJP की मूल संरचना, धार्मिक घृणा पैदा करने का विचार ध्वस्त हुआ है.

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