'मेरी' क्रिसमस में नहीं चलती मेरी-तेरी. क्योंकि क्रिसमस सिर्फ मेरा या तेरा नहीं,हम सब का होता है. और हम सब का होता है, तो पंजाबी भी हो सकता है. क्योंकि पंजाबीरहते हैं खुश और बांटते हैं खुशियां. बिलकुल सैंटा की तरह. इसी बात पर सुन लीजियेपंजाबी क्रिसमस कैरल्स. इसका 'पंजाबीपन' ये नहीं है कि अंग्रेजी कैरल्स में पंजाबीका तड़का हो. ये कैरल्स पूरी कि पूरी ही पंजाबी हैं. पंजाबी लोकगीतों की तरह.[facebook_embedded_posthref="https://www.facebook.com/sikhmilan/videos/1040290919367389/"] और जाते जातेले जाइए मेरी क्रिसमस दी लख लख बधाइयां!