पंजाब के 'बादलों' ने दो साल में 'हवा' में उड़ा दिये 50 करोड़
पंजाब के मंत्रियों ने हवाई यात्राओं पर कितना खर्च किया इसका जवाब तो मिल गया. लेकिन क्यों किया इस RTI के जवाब में कहा गया ये VIP मामला है.
Advertisement

फोटो - thelallantop
Quick AI Highlights
Click here to view more
तीन साल में पंजाब सरकार ने अपने उड़नखटोले के मेंटीनेंस में 13 करोड़ से ज्यादा खर्च कर डाले.
एक तरफ पंजाब के लोग आफत में हैं. किसी को टाइम पर सैलरी नहीं मिल रही है तो किसी को नौकरी. पिछले 3 महीनों में करीब 65 किसानों ने खुदकुशी कर ली है. पैसों की कमी पूरी करने के लिए सरकारी बिल्डिंग्स तक को गिरवी रखना पड़ रहा है.
लेकिन इन सब बातों से मंत्रियों को कोई फर्क नहीं पड़ता. पंजाब सरकार के पास अपना बेल 439 हेलिकॉप्टर है. इसके बावजूद सरकार एक महीने में हवाई जहाज से आने-जाने के किराए पर 1 करोड़ रुपए खर्च करती है. 2013 से अब तक चार्टर्ड प्लेन और किराए पर 50 करोड़ खर्च कर दिए हैं.
इस पर मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल कहते हैं "इसमें कौन सी बड़ी बात है. और सरकारों के पास तो दो-दो प्लेन होते हैं. और जरूरी काम के लिए बार बार आना जाना भी पड़ता है." मुख्यमंत्री या उप-मुख्यमंत्री को एक बार दिल्ली से चंडीगढ़ आने में पौने 6 लाख रुपए खर्च होते हैं. इतने में पूरा मंत्रीमंडल दिल्ली से चंडीगढ़ पहुंच जाए.
जबकि हवाई जर्नी में हुए खर्च पर RTI करने पर जवाब मिलता है कि ये सब खर्च VIP ड्यूटी पर होते हैं. इसके पहले भी एक RTI से पता चला था कि सीएम और डिप्टी सीएम के बेड़े में 32 महंगी गाड़ियां हैं. RTI एक्टिविस्ट ने बताया कि डिप्टी सीएम सुखबीर सिंह बादल ने इनमें से ज्यादा यात्राएं दिल्ली की नहीं, भटिंडा के लिए की हैं.
स्टोरी दी लल्लनटॉप के साथ इंटर्नशिप कर रही आकांक्षा ने एडिट की है.
स्टोरी दी लल्लनटॉप के साथ इंटर्नशिप कर रही आकांक्षा ने एडिट की है.

