The Lallantop
Advertisement
  • Home
  • News
  • New Zealand mosque Terrorist Attack: Why terrorist choose those mosques for attack

न्यूजीलैंड में हमला करने वाले आतंकी ने खुद बताया, क्यों उन्हीं दो मस्जिदों को चुना?

निशाने पर एक और मस्जिद भी थी. पूरी प्लानिंग कर रखी थी.

Advertisement
pic
15 मार्च 2019 (अपडेटेड: 15 मार्च 2019, 01:06 PM IST)
Img The Lallantop
बंदूकधारी आतंकी ने खुद बताईं उन मस्जिदों को चुनने की वजह.
Quick AI Highlights
Click here to view more
न्यूजीलैंड के क्राइस्टचर्च में दो मस्जिदों पर हमले ने पूरी दुनिया को दहला के रख दिया है. अब तक 49 लोगों के मारे जाने की खबर है. पर कई और सवाल है जो लोगों के मन में चल रहे हैं कि आखिर ऐसा क्या हुआ कि 28 साल का एक ऑस्ट्रेलियाई युवक मस्जिद में बंदूक लेकर घुस गया. एक और बड़ा सवाल ये कि जिस मस्जिद पर हमला हुआ, वो मस्जिद ही क्यों चुनी गई? तो इसका जवाब खुद हमलावर ने दिया है.
हमला करने वाले आतंकी ब्रैंटन टैरंट ने इसके लिए बाकायदा पूरा खाका तैयार किया था. मौके पर जाकर रेकी की थी. हालांकि पहले उसका टार्गेट क्राइस्टचर्च की मस्जिद नहीं बल्कि डुनेडिन की मस्जिद थी. उसे चुनने की वजह एक वीडियो था. जो उसने ओटागो मुस्लिम असोसिएशन नाम के पेज पर देखा था जो इसी मस्जिद का है. ब्रैंटन ने उस वीडियो का लिंक भी शेयर किया है. मगर वो अब हटा लिया गया है. वीडियो का टाइटल था -
“Very interesting video. Only for Muslims. Please do not redistribute”.
हिंदी में - बहुत ही मजेदार वीडियो. सिर्फ मुस्लिमों के लिए. इसे कहीं और न बांटें.
ब्रैंटन का दावा है कि ये वीडियो इस मस्जिद में क्या चल रहा था, ये बताने के लिए काफी है. अब ये वीडियो हट गया है तो ये समझना मुश्किल है कि ब्रैंटन क्या कहना चाह रहा है(खैर उस वीडियो में कुछ भी हो, ऐसे हमले की कोई वजह नहीं हो सकती).
न्यूजीलैंड की दो मस्जिदों पर हमला हुआ है.
न्यूजीलैंड की दो मस्जिदों पर हमला हुआ है.

अब उसका प्लान कैसे बदला वो समझिए. दरअसल जब वो क्राइस्टचर्च और लिनवुड की मस्जिद पहुंचा तो उसने एस्बर्टन के एक चर्च को अपवित्र होते देखा जिसे मस्जिद में तब्दील कर दिया गया था और उसका प्लान बदल गया. उसके अनुसार क्राइस्टचर्च और लिनवुड की मस्जिद में बाहरी ज्यादा थे, बड़े ज्यादा थे, बच्चे कम थे. उसकी लोकेशन भी खास थी. साथ ही इनका उग्रवाद को लेकर इतिहास भी रहा है.
इन दो मस्जिदों को चुनने का एक फायदा ये भी था कि इसके करीब ही तीसरी एस्बर्टन वाली मस्जिद भी थी. उसका प्लान था कि वो यहां हमला करने के बाद एस्बर्टन की मस्जिद जाएगा. हालांकि ये आतंकी इस तीसरी मस्जिद तक नहीं पहुंच सका.


लल्लनटॉप वीडियो देखें-

Advertisement

Advertisement

()