हर गोल गोल दिखने वाली चीज़ लड्डू नहीं होता अगर मैं डूबते जहाज पर नहीं चढ़ता तोसिद्धू नहीं होता ठोको ठोको. अमा ताली ठोको उनके मजे क्यों ले रहे हो? वो आदमी कपिलशर्मा के शो में जितना हंस चुका है न, तुम सात जनम में उसकी बराबरी नहीं कर पाओगे.ताज़ी खबर है उनकी प्रेस कॉन्फ्रेंस. जिसमें वो शेरो शायरी रोक के लंतरानी ठोक केबोले हैं. कहा कि कांग्रेस में उनकी घरवापसी हुई है. उनके बाप दादे सब कांग्रेस मेंथे. आजादी की लड़ाई के वक्त जेल में गए. तब बीजेपी थी भी नहीं. आप लोग उनके पुरानेवीडियो ट्रेंड करा लो. जिसमें वो राहुल को ज्ञान दे रहे हैं. बीजेपी को अपनी मांबता रहे हैं. कांग्रेस को देश का दुश्मन बता रहे हैं. ये सब ओवर रिएक्शन बंद करो.बहुत हो गया. ये लो नया माल. जिसमें सिद्धू ने 17 अप्रैल 2013 को ही कांग्रेस मेंघुसने का जुगाड़ कर लिया था. सिद्धू की टीम ने पुराने सारे ट्वीट डिलीट कर दिएजिनमें कांग्रेस की बुराई थी. लेकिन लल्लन की तेज नजरों से कौन बच सकता है भाईमियां. इस ट्वीट में जोड़ने का मतलब है कांग्रेस से. तोड़ने का मतलब बीजेपी. हाथमतलब हाथ का पंजा. वो चुनाव चिन्ह राहुल गांधी को हर शय में दिखता है. और अपना बनालो गुरू अर्थात राहुल गांधी हमको कांग्रेस में बुला लो. ऐसा ट्वीट कोई डिकोड नहींकरेगा जैसा लल्लन किहिस है, लिख लो. ये ट्वीट दुनिया का वो पहला ट्वीट है जो दुनियाके सबसे ज्यादा हंसने बोलने वाले आदमी ने किया था. इसके बाद तो कायनात बदल गई.लोकसभा चुनाव हुए. सिद्धू बनारस तक गए मोदी जी का प्रचार करने. बीजेपी को अपनी मांबताया. लेकिन उनके मन में कहीं न कहीं घरवापसी का अंकुर फूट गया रहा होगा. पता नहींक्यों सारे इल्मों में तेज मोदी जी ये देख कैसे नहीं पाए. वो तो उड़ती चिड़िया केपर गिन लेते हैं. कैसे ये नीली चिड़िया की चूं चूं चिर्री पर ध्यान नहीं गया?--------------------------------------------------------------------------------ये भी पढ़ें: सिद्धू ने कांग्रेस में आने को जस्टीफाई किया, दो नेताओं की मिसालदेकर! जब एक बुजुर्ग के मर्डर केस में फंस गए थे सिद्धू! बुझी बुझी सी रंगत जिसकी,उड़ी उड़ी खुशबू, नाम है सिद्धू! सिद्धू ने डीवीडी के चक्कर में सीनियर क्रिकेटर कोजड़ा थप्पड़