राजस्थान के चुरू में एक लड़की का गैंगरेप कर उसे बेरहमी से पीटा गया. फिर उसेघसीटकर एक जगह लाकर छोड़ दिया गया.24 दिसंबर की बात है ये. लड़की के परिवारवाले बता रहे हैं कि दो लड़के लड़की के घर मेंघुसे, उसके मुंह में कपड़ा ठूंसा और रात के अंधेरे में घर से उठाकर ले गए. कथित तौरपर लड़के उसे उसके घर से डेढ़ किलोमीटर दूर एक खेत में ले गए और वहां उसके साथगैंगरेप किया. लड़की के पिता का कहना है कि जब लड़की ने अपने पिता को सब कुछ बताने कीधमकी दी, तो वो उसको मार डालने की नीयत से बुरी तरह पीटने लगे. उसके मोटरसाइकिल सेघसीटा. फिर जब लड़की ने वादा किया कि वो किसी से कुछ नहीं कहेगी, उसे जाने दिया. इसदौरान उसके पिता किसी काम से गुजरात गए हुए थे. लड़की की आंख के ऊपर 13 टांके लगेहैं, पसलियां टूट गई हैं. रीढ़ की हड्डी में चोट है. और घुटने और पांव बुरी तरहचोटिल हैं. बताया जा रहा है कि रेप राकेश नाम के आदमी ने अपने एक दोस्त के साथमिलकर किया. राकेश एक स्कूल में टीचर है. लड़की को पहले इलाज के लिए सुजानगढ़, फिरबीकानेर और उसके बाद जयपुर लाया गया. अस्पताल वाले कह रहे लड़की को होश आ गया है. वोठीक है. सबसे बड़ी बात, वो उन दो कमीनों को जेल पहुंचाने के लिए जिंदा बच गई है.लड़के के पक्ष वाले कह रहे हैं कि लड़की अपनी मर्जी से उन दोनों लड़कों के साथ गई थी.अगर हम एक परसेंट ये मान भी लें कि लड़की अपनी मर्जी से गई और अपनी मर्जी से सेक्सकिया. पर इतनी बुरी तरह पीटे जाने की सहमति कौन देता है? 'निर्भया' कांड को हुए कईसाल बीत चुके हैं. लोगों को औरतों के लिए सड़कों पर उतरे कई साल हो चुके हैं, लेकिनऐसी जाने कितनी 'निर्भया' हमारे आस-पास हैं. हमारी सड़कों पर, हमारे गांवों में. रोजजिनका बलात्कार होता है, रोज जिनकी जान जाती है, जिन्हें रोज बेरहमी से पीटा जाताहै. कभी खत्म न होने वाला एक सिलसिला.