फेसबुक लाइव पर जान देने जा रहे यूपी के युवक को बचाने अमेरिका से यूपी पुलिस को भेजा गया
युवक ऐसा क्यों करने जा रहा था ये जानकर हैरान रह जाएंगे.

सोशल मीडिया के भतेरे नुकसान हैं. टाइम वेस्ट होता है, लत लग जाती है, मानसिक स्वास्थ्य तक पर असर पड़ता है. और भी कई चीजें हैं. लेकिन एक चीज है जो हमें इससे दूर नहीं होने देती. पॉजिटिविटी. जब लोग मिलकर किसी जरूरतमंद की मदद करते हैं. गलत के खिलाफ आवाज उठाते हैं और सही का साथ देते हैं. ताजा मामला गाजियाबाद का है जहां सोशल मीडिया के जरिए एक युवक की जान बचाई गई. फेसबुक ने उसे दूसरी जिंदगी दी है.
अभय शुक्ला नाम का शख्स 31 जनवरी को एक फेसबुक लाइव कर रहा था. उसी लाइव में उसने बताया कि वो अपनी जान देने वाला है. लेकिन उसी लाइव की बदौलत पुलिस ने उसकी जान बची ली.
आजतक की रिपोर्ट के मुताबिक, मामला जिले के विजयनगर थाना इलाके का है. मंगलवार रात अभय ने अचानक फेसबुक पर लाइव करना शुरू किया. उसने बताया कि वो अपनी जान देने जा रहा है और इसकी तैयारी कर चुका है. ये सब फेसबुक पर लाइव दिख रहा था. दूसरी तरफ अमेरिका के कैलिफोर्निया में मेटा (फेसबुक की पैरेंट कंपनी) के हेडक्वार्टर में इसकी भनक लगी तो वहां हलचल मच गई. वहां से तुरंत युवक की लोकेशन पता की गई जो कि यूपी की थी. कंपनी के प्रतिनिधि ने यूपी पुलिस को फौरन अलर्ट भेजा.
पुलिस सीधे घर पहुंच गईलखनऊ में मौजूद यूपी के डीजीपी ऑफिस को अलर्ट वाला ईमेल मिला. यूपी पुलिस ने अभय की लोकेशन ट्रेस की और पता चला कि वो गाजियाबाद के विजयनगर इलाके से लाइव कर रहा है. इस बात की सूचना डीजीपी ऑफिस ने विजयनगर थाना पुलिस को दी. पुलिस लोकेशन पर तो पहुंच गई थी लेकिन 20 मीटर के दायरे में युवक का मकान नहीं मिल पाया.
अभय को रोके रखने के लिए विजय नगर थाने की एसएचओ ने उसके नंबर पर कॉल किया. 7 बार फोन काटने के बाद 8वीं बार अभय ने कॉल रिसीव किया. पुलिस का मकसद था उसे बातों में उलझाए रखना. इस दौरान एक्जेक्ट लोकेशन भी मिल गई.
बाल बाल बची जानपुलिस अभय के कमरे में पहुंची और देखा कि अभय जान देने जा रहा था. उसे तुरंत हिरासत में लिया गया. अभय को इस बात का अंदाजा नहीं था कि दरवाजे पर पुलिस है. अगर पुलिस कुछ और मिनट की देरी से पहुंचती तो अभय नहीं बच पाता.
एसीपी विजय नगर अंशु जैन ने मामले पर जानकारी देते हुए बताया कि केवल 90 हजार रुपये के नुकसान के लिए अभय अपनी जिंदगी खत्म करने जा रहा था. उन्होंने कहा,
वो मूल रूप से उत्तर प्रदेश के कन्नौज जिले का रहने वाला है. अभी विजयनगर के सेक्टर 12 में रहता है. कुछ समय तक नौकरी करने के बाद उसने मोबाइल का बिजनेस शुरू किया जिसमें उसे 90 हजार रुपये का नुकसान हो गया और इसी बात से परेशान होकर वो सुसाइड करने जा रहा था.
खबर है कि पुलिस ने करीब 6 घंटे तक अभय शुक्ला की काउंसलिंग कराई. युवक को अपनी गलती का अहसास हो गया.
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