इंडिया और साउथ अफ्रीका का पुराना रिश्ता है. रिश्ता रंगभेद के खिलाफ लड़ाई का.दोनों मुल्कों ने एकजुट होकर गाले-गोरे के भेद को खत्म करने की डिमांड की थी.रंगभेद इतना चरम पर था कि साउथ अफ्रीका की टीम को 21 साल तक इंटरनेशनल क्रिकेट सेबाहर रहना पड़ा था. मगर जब साल 1991-92 में इस मुल्क की क्रिकेट टीम को खेलने कीअनुमति मिली तो पहला दौरा इंडिया का ही था. कोलकाता के ईडन गार्डन्स पर साउथअफ्रीका की टीम ने इतने लंबे अरसे बाद पहला वनडे मैच खेला था.2016 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ टेस्ट डेब्यू किया था केशव ने.फिर जब टीम इंडिया साउथ अफ्रीका के दौरे पर साल 1992 में गई तो वहां उस वक्त टीम केविकेट कीपर किरण मोरे के साथ एक बच्चे ने फोटो खिंचवाई थी. वो दो साल का बच्चा थाकेशव महाराज. वो केशव महाराज जो 5 जनवरी 2017 को साउथ अफ्रीका की तरफ से इंडिया केखिलाफ टेस्ट मैच खेल सकता है. केशव लेफ्ट आर्म स्पिनर है और इंडिया के खिलाफ साउथअफ्रीकन टीम का वो अस्त्र भी जो चौंका सकता है.साउथ अफ्रीकी टीम का बड़ा स्पिन हथियार है केशव.केशव साउथ अफ्रीका के डरबन में पैदा हुए. 27 साल के इस खिलाड़ी के पिता आत्मानंदमहाराज साउथ अफ्रीका के उस दौर में वहां घरेलू क्रिकेट खेलते रहे जब वहां रंगभेद केचलते इंटरनेशनल क्रिकेट बैन था. आत्मानंद विकेटकीपर थे और किरण मोरे से इसी के चलतेदोस्ती थी. इंडियन एक्सप्रेस में छपी एक रिपोर्ट के मुताबिक जब साल 2016 मेंऑस्ट्रेलिया के खिलाफ सीरिज के लिए केशव को साउथ अफ्रीकी टीम में शामिल किया गया तोकिरण मोरे ने इंडिया से ये तस्वीर केशव के पिता आत्मा को मैसेज पर भेजी थी और कहाथा कि मैंने कहा था न कि एक दिन केशव नेशनल टीम में शामिल होगा.केशव ने अब तक 14 टेस्ट खेल लिए हैं और 56 विकेट अपने नाम कर लिए हैं. तीन मौके ऐसेभी रहे हैं जब केशव ने 5 विकेट लिए हैं. दो वनडे मैच खेलने का भी मौका इस लेफ्टआर्म स्पिनर को साउथ अफ्रीका की तरफ से मिल चुका है. 26 दिसंबर 2017 को जिंबाब्वेके खिलाफ आखिरी टेस्ट में केशव ने 5 विकेट लेकर इंडिया के खिलाफ 5 जनवरी को शुरू होरही सीरिज में अपनी जगह पक्की कर ली है.2014 में चैंपियंस लीग टी 20 खेलने आया था ये स्पिनर.स्कूल के दिनों से फास्ट बॉलिंग करने वाले केशव ने एक दिन नेट्स पर स्पिन फेंकने कीप्रैक्टिस की और फिर पिता के कहने पर हमेशा के लिए स्पिनर बनने की ठान ली. स्कूल कीटीम में खेलते हुए 16 साल की उम्र में फर्स्ट क्लास क्रिकेट और फिर अंडर-19 टीम काहिस्सा होते हुए केशव ने साउथ अफ्रीका की नेशनल टीम में जगह बनाई. खास बात ये किकेशव ने अपने फर्स्ट क्लास करियर में 267 विकेट लिए हैं जो साउथ अफ्रीका में किसीभी लेफ्ट आर्म स्पिनर के सबसे ज्यादा विकेट हैं.राहुल द्रविड़ को अपना रोल मॉडल मानने वाले केशव को मुथैय्या मुरलीधरन और हर्शलगिब्स भी काफी पसंद हैं. अब फाफ डू प्लेसिस की कप्तानी में इस अफ्रीकी टीम का अहमहिस्सा बन गए हैं.--------------------------------------------------------------------------------Also Read:कौन है ये बॉलर जिसने इस साल रणजी में सबसे ज्यादा विकेट लिए हैं?देखिये साल 2017 में धोनी के मारे सभी छक्के, मात्र 50 सेकंड मेंसाल 2017 में बुमराह, पंड्या, भुवनेश्वर सभी इस अफ़ग़ान बॉलर से पीछे रह गएवीडियो भी देखिए-