ट्रेन में यात्रियों को जलाने का आरोपी शाहरुख, जाकिर नाइक को सुनकर 'कट्टरपंथी' बना?
जरा सी बात पर शाहरुख ने सहयात्रियों को झुलसा दिया था.

केरल के कोझिकोड में चलती ट्रेन में आग लगाने का आरोपी शाहरुख सैफी विवादित इस्लामिक प्रचारक जाकिर नाइक से काफी प्रभावित है. एक रिपोर्ट के मुताबिक पुलिस ने अपनी जांच के आधार पर ये जानकारी दी है. उसने कहा है कि शाहरुख सैफी बहुत ज्यादा कट्टरपंथी है और जाकिर नाइक को फॉलो करता है.
चलती ट्रेन में आग लगा दीकोझिकोड में बीती 2 अप्रैल को एक ट्रेन में आगजनी की घटना हुई थी. इसमें 3 लोग की मौत हुई थी. 9 यात्री घायल हुए थे. बताया गया कि शाहरुख सैफी का ट्रेन में सीट को लेकर यात्रियों से विवाद हो गया था. इससे वो ऐसा तमतमाया कि ज्वलनशील केमिकल छिड़क कर डिब्बे में आग लगा दी. इससे डिब्बे भगदड़ में मच गई. कई लोग जान बचाने के लिए चलती ट्रेन से कूद गए थे. उन्हीं में से एक पुरुष, एक महिला और एक बच्चे की मौत हो गई थी.
मामले की जांच के दौरान केरल पुलिस ने इसे आतंकी घटना माना. अब राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) इस घटना की जांच कर रही है. आरोपी शाहरुख के खिलाफ UAPA (गैरकानूनी गतिविधि रोकथाम अधिनियम) कानून के तहत मामला दर्ज कर लिया गया था. अब पता चला है कि वो धार्मिक रूप से कट्टर है. जाकिर नाइक के वीडियो देखता है जो नफरत फैलाने और युवाओं को आतंकवाद की ओर धकेलने का आरोपी है.
इंडियन एक्सप्रेस में छपी खबर के मुताबिक केरल के ADGP एमआर अजीत कुमार ने बताया कि शाहरुख सैफी अपराध के इरादे से ही केरल आया था. उन्होंने कहा,
“हमने उसके अपराध से जुड़े सभी सबूत जुटाए हैं. सैफी जाकिर नाइक के वीडियो देखता आया है. वो एक खतरनाक कट्टरपंथी है और वो अपराध करने के मजबूत इरादे के साथ केरल आया था. उसके पास इस आगजनी को करने की स्पष्ट योजना थी.”
ADGP ने आगे कहा कि पुलिस अभी ये पता लगाने की कोशिश कर रही है कि शाहरुख ने इस घटना को अंजाम देने के लिए किसी और से मदद तो नहीं ली. उन्होंने कहा,
“यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि इस अपराध के लिए उसे किसी और से कोई मदद तो नहीं मिली. हमने अब तक उसकी दिल्ली से कोझिकोड तक की यात्रा और अपराध के बाद महाराष्ट्र के रत्नागिरी तक उसकी आवाजाही की जानकारी को इकट्ठा किया है.”
शाहरुख सैफी को आगजनी की घटना के दो दिन बाद महाराष्ट्र पुलिस ने रत्नागिरी से सैफी को गिरफ्तार कर लिया था. बाद में उसके खिलाफ UAPA कानून के सेक्शन 16 के तहत मामला दर्ज किया गया. IPC की हत्या से जुड़ी धारा 302 और रेलवे एक्ट के तहत उस पर पहले से कार्रवाई चल रही थी. 18 अप्रैल को शाहरुख की पुलिस कस्टडी की मियाद खत्म हो रही है.
मामले में ताजा अपडेट ये है कि शाहरुख को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है. उसे केरल की वय्यूर में शिफ्ट किया जा सकता है.
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