नए-नए सीएम बने सिद्दारमैया पर टीचर ने सवाल उठाए, सस्पेंशन का आदेश मिल गया
जिस दिन सिद्दारमैया ने शपथ ली, उसी दिन सस्पेंड.

कर्नाटक में सोशल मीडिया पर सीएम सिद्दारमैया और उनकी सरकार की नीतियों की आलोचना करने के बाद एक सरकारी स्कूल के टीचर को सस्पेंड कर दिया गया. सस्पेंड करने का आदेश 20 मई को दिया गया, जिस दिन सिद्दारमैया ने राज्य के मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली थी. पोस्ट में सिद्दारमैया की 2013 से 2018 तक की पिछली सरकार के मुफ्त में सामान देने वाले वादों पर सवाल खड़े किए थे. टीचर ने लिखा था कि सरकार की ओर से मुफ्त वादों के चलते राज्य पर हमेशा कर्ज बढ़ जाता है.
क्या लिखा था पोस्ट में?सस्पेंड हुए टीचर की पहचान शांतामूर्ति एमजी के रूप में हुई है. शांतामूर्ति चित्रदुर्ग के होसदुर्गा में कनुबनहल्ली सरकारी स्कूल में कार्यरत थे. उन्होंने अपने पोस्ट में अलग-अलग सीएम कार्यकाल के दौरान हुए कर्ज का जिक्र किया था. उन्होंने लिखा,
पोस्ट के बाद चित्रदुर्ग के जिला उप-निदेशक (सार्वजनिक निर्देश) के. रविशंकर रेड्डी ने कहा कि उन्होंने शिक्षक को सस्पेंड करने का आदेश दिया है. क्योंकि उन्होंने कर्नाटक सिविल सर्विसेज़ (कंडक्ट) नियम-1966 का उल्लंघन किया है. उन्होंने कहा कि टीचर के खिलाफ विभागीय जांच भी कराई जाएगी.
22 मई को इंडियन एक्सप्रेस से बात करते हुए शांतामूर्ति ने बताया,
मूर्ति पिछले 10 सालों से चित्रदुर्ग के होसदुर्गा तालुक के एक लोअर प्राइमरी स्कूल में पढ़ा रहे हैं. वे कन्नड़, गणित और विज्ञान पढ़ाते हैं. उनको सस्पेंड करने के बाद 30 छात्रों वाले स्कूल में अब केवल एक टीचर बचा है.
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