The Lallantop
Advertisement
  • Home
  • News
  • is it possible to make a smartphone at the cost of 251 rupees?

251 रुपए में नहीं मिल सकता स्मार्टफोन!

क्यूट मोहित लाए हैं ये सबसे सस्ता और विवादित फोन. कहीं फिर हेराफेरी वाला चक्कर तो नहीं है ये?

Advertisement
pic
18 फ़रवरी 2016 (अपडेटेड: 18 फ़रवरी 2016, 07:38 AM IST)
Img The Lallantop
फोटो - thelallantop
Quick AI Highlights
Click here to view more
अगर 251 रुपए वाला सबसे सस्ता स्मार्टफोन खरीदने के लिए घात लगाए बइठे हो तो होल्ड करो एक मिनट. पेमेंट तो नहीं कर दिए? हां तो सुनो. 251 रुपए का फोन मिलना पॉसिबल नहीं है. टेलीकॉम मिनिस्ट्री से जो आदेश जारी किए गए हैं उनके हिसाब से स्मार्टफोन का रेट 3500 रुपए से नीचे हो ही नहीं सकता. सब्सिडाइज होने का बाद भी नहीं. फिर इस फ्रीडम फोन के साथ आईफोन का कॉपीराइट इश्यू भी निकल रहा है. बुधवार को नोएडा की कंपनी रिंगिंग बेल्स ने धूमधड़ाके के साथ ये फोन लॉंच किया. जिसकी लॉन्चिंग में चीफ गेस्ट हुए बीजेपी लीडर मुरली मनोहर जोशी. पिछले साल IIT के भूतपूर्व छात्र अशोक चड्ढा और मोहित गोयल मध्य प्रदेश के बीजेपी MLA ओम प्रकाश सकलेचा से मिले थे. हार्दिक इच्छा जताई कि देश का सबसे सस्ता स्मार्टफोन बनाना चाहते हैं. वहीं से इस प्रोजेक्ट की नींव पड़ी.

कौन है क्यूट मोहित

इस कंपनी के मालिक का नाम है मोहित गोयल. फेसबुक पर उनका प्रोफाइल एंजेल प्रिया के काफी नजदीक है. 'क्यूट मोहित' के नाम से फेसबुक एकाउंट है. और मोहित कितने क्यूट हैं इसका अंदाजा लगना अभी बाकी है. ये एमिटी यूनिवर्सिटी से ग्रेजुएट हैं. शामली, उत्तर प्रदेश की मिडिल क्लास फैमिली के चिराग हैं. 2015 में अपनी कंपनी रिंगिंग बेल्स खोली अपने मम्मी पापा के साथ. एक पार्टनर और है कंपनी में. क्यूट मोहित की वाइफ धारणा. इस फोन की खासियतें हैं 4 इंच का स्क्रीन. एक GB रैम. 8 GB इंटरनेल स्टोरेज, 1.3 गीगाहर्ट्ज प्रोसेसर और 3.2 मेगापिक्सल कैमरा. 3G सपोर्ट करता है, एंड्रॉइड 5.1 है. आईफोन जैसा भौकाली डिजाइन. लेकिन ये सबसे सस्सा फोन शक के घेरे में है. पहले तो इसकी बुकिंग की तैयारी ही नाकाफी लगी. गुरूवार को सुबह 6 बजे से बुकिंग शुरू होनी थी तो 5 बजे इसकी वेबसाइट freedom251.com टें बोल गई.

क्या कहते हैं विधायक जी

बीजेपी विधायक ओम प्रकाश सकलेचा जी इस मामले में कट टू कट बतिया रहे हैं. बिना चाशनी लपेटे. अखबार हिंदुस्तान टाइम्स को बताया कि "हो जाएगा न. मिल जाएगा. हम दे रहे हैं. खतम बात. जो चीज बिक रही है उसके बारे में सवाल क्यों पूछ रहे हैं? कॉमन आदमी को हम सुविधा दे रहे हैं आपको तकलीफ क्या है"

क्या कहते हैं मोबाइल बनाने वाले

न, हो ही नहीं सकता. इंडस्ट्री में इस फोन की मेन्युफैक्चरिंग लागत 2700 के आस पास आस सकती है. जित्ते में ये फोन दे रहे हैं, इसकी बैटरी नहीं आएगी. इसके एक एक कंपोनेंट को खरीद कर असेंबल करने और फिर डिलिवर करने तक 3500 से 3800 तक का खर्चा आएगा. तो भैया हिसाब किताब चेक कर लो. कायदे से ठोक बजा लो. अइसी बात नहीं है कि 251+40 रुपए चले गए तो कोई भिखारी हो जाएगा. लेकिन 10 रुपिया गिर जाए तब भी तकलीफ तो होती है न. पहिले श्योर कर ल्यो कि चिट फंड फ्रॉड टाइप कुछ न हो जाए. मेक इंडिया के नाम पर घोंघा कट जाए. मोहित की पोस्ट पर कमेंट देख ल्यो. ये लोग समझदार से दिक्खे हैं [facebook_embedded_post href="https://www.facebook.com/cutemohit888/posts/1087613837955955"]

Advertisement

Advertisement

()