पाकिस्तानी आर्मी की गोलाबारी के आगे झुक गया छोटू
इस छोटू ने पाकिस्तानी पुलिस को रुला रखा था. जानिए कौन है ये छोटू.
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फोटो - thelallantop
वो छोटा बच्चा पाकिस्तानी पंजाब प्रांत के कबिलाई इलाके में रहता. 1988 के दौर की बात है. बच्चा टी-स्टॉल की टेबल पर चाय पहुंचाने का काम करता. एक रोज कबीले के कुछ लोगों में विवाद हुआ. गुलाम रसूल के भाई को पुलिस अरेस्ट कर लेती है. गिरफ्तारी से बचने के लिए गुलाम रसूल के पापा और बाकी भाई घर छोड़कर भाग जाते हैं. एक साल के भीतर गुलाम रसूल को भी पुलिस पकड़ लेती है. रिश्वत न देने पर दो साल की सजा होती है.
रसूल जब रिहा होकर लौटता है तो घर की 12 एकड़ जमीन पर पड़ोसी कब्जा कर लेते हैं. परिवार की जमीन छुड़ाने के लिए रसूल बाबा लौंग गैंग जॉइन कर लेता है. बाबा लौंग रसूल की उम्र कम होने की वजह से उसे नाम देते हैं, छोटू. यही रसूल आगे जाकर छोटू गैंग बना लेता है. छोटू गैंग, जिसे पकड़ने के लिए पाकिस्तानी आर्मी अमेरिका की तरह हेलिकॉप्टर से सर्च ऑपरेशन चलाती है. लेकिन छोटू गैंग के खौफ के सामने आर्मी का ये ऑपरेशन फिसड्डी ही साबित होता है. पर छोटू ने मंगलवार को हार मानते हुए अपने 175 गैंग मेंबर्स के साथ आर्मी के सामने सरेंडर कर दिया है.
बीच में बैठा रसूल गुलाम है छोटू गैंग का मुखिया
क्या है छोटू गैंग? पाकिस्तानी पंजाब प्रांत के कबिलाई इलाकों में इस गैंग का तगड़ा रौला है. जंगलों में रहते हैं. छोटू गैंग का मुखिया गुलाम रसूल है. ये गैंग डेढ दशक से एक्टिव है. बताते हैं कि इस गैंग में 100 से 300 लोग हैं. छोटू गैंग का जाल पंजाब के बाहर सिंध प्रांत तक फैला हुआ है. ये गैंग स्मगलिंग, गन रनिंग, किडनैपिंग, फिरौती और हाईवे पर लोगों को लूटने का काम करती है. पंजाब के राजनपुर जिले में इस गैंग की सबसे ज्यादा पकड़ बताई जाती है. बताते हैं कि एक वक्त में छोटू पुलिस के लिए मुखबरी भी किया करता था, लेकिन बाद में पुुलिस से डिफरेंसेस की वजह से छोटू -पुलिस की दोस्ती में दरार पड़ गई.
12 चीनी भाई छोटू ने किए किडनैप साल 2005 था. छोटू गैंग के बारे में बहुत ज्यादा लोग नहीं जानते थे. लेकिन फिर इस गैंग ने एक बड़ा कांड कर दिया. 12 चीनी इंजीनियरों को किडनैप कर लिया. हालांकि दवाब के चलते इस गैंग ने 12 चीनी इंजीनियर्स को बिना फिरौती लिए छोड़ दिया.
24 पुलिसवालों को छोटू गैंग ने किया किडनैप पुलिस ने इस गैंग को पकड़ने के लिए हाल ही में ऑपरेशन शुरू किया. लेकिन फेल साबित हुई उस पार की पुलिस. छोटू गैंग के 150 लड़ाकों के सामने पुलिस के 1500 जवान छोटू साबित हुए. छोटू गैंग ने 24 पुलिस वालों को भी किडनैप कर लिया. और करीब 5 पुलिसवालों को मार गिराया है. अब जब पुलिस फेल हो गई है, तो सेना आगे आई
है. अप्रैल 2016 में पाकिस्तानी आर्मी ने छोटू गैंग के खिलाफ ऑपरेशन शुरू कर दिया. मंगलवार को छोटू गैंग के सरेंडर और किडनैप 24 पुलिसवालों के सरेंडर के बाद आर्मी का ये ऑपरेशन लगभग पूरा हो गया है. हालांकि अब भी कुछ मेंबर्स की तलाश जारी है. छोटू गैंग पर बलूचिस्तान में हो रही हिंसा में शामिल होने का भी आरोप है. सेना के ऑपरेशन शुरू करने के बाद करीब 50 गैंग मेंबर्स सरेंडर कर चुके हैं. आर्मी ने छोटू गैंग से ये साफ कर दिया है कि जिन लोगों का अपहरण किया है, उन्हें छोड़ो और सरेंडर करो. छोटू ने पाकिस्तानी आर्मी की बात मान ली है.

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