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नौकरी करने रूस गया था हरियाणा का युवक, 'जबरन' सेना में भर्ती कर जंग में भेजा! मौत हो गई

Haryana Youth Died in Russia: परिवार ने बताया कि रवि इस साल जनवरी में ट्रांसपोर्ट से जुड़ी नौकरी करने रूस गए थे. दावा किया कि मार्च में रवि को जबरन जंग में भेज दिया गया और उसके बाद वो कभी रवि से कॉन्टैक्ट नहीं कर पाए.

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haryana youth died in russia allegedly forced to fight in war against ukraine family claims
22 साल का रवि मौन कैथल जिले के मटौर गांव का रहने वाला था (सांकेतिक फोटो- AI)
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ज्योति जोशी
29 जुलाई 2024 (अपडेटेड: 29 जुलाई 2024, 08:52 AM IST)
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रूस में ट्रांसपोर्टेशन की नौकरी करने गए हरियाणा के युवक की मौत की खबर सामने आई है (Haryana Youth Died in Russia). मृतक के घरवालों का आरोप है कि उनके बेटे को जबरन रूस की सेना में शामिल कर यूक्रेन के खिलाफ जंग में भेजा गया. जिसमें उसकी मौत हो गई. 22 साल का रवि मौन कैथल जिले के मटौर गांव का रहने वाला था. भारतीय दूतावास ने रवि के परिवार को मौत की पुष्टी करते हुए लेटर भेजा है. हालांकि उसमें इस बात का जिक्र नहीं है कि रवि की मौत किन परिस्थितियों में हुई.

रवि के बड़े भाई अजय मौन ने इंडियन एक्सप्रेस से मामले को लेकर बात की. उन्होंने बताया कि रवि इस साल 13 जनवरी को ट्रांसपोर्ट से जुड़ी नौकरी करने रूस गए थे. दावा किया कि मार्च में रवि को जबरन जंग में भेज दिया गया और उसके बाद वो कभी रवि से कॉन्टैक्ट नहीं कर पाए.  

अजय ने कहा,

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परिवार का आरोप है कि रूसी सेना ने रवि को जंग में जाने या 10 साल की कैद का सामना करने के लिए मजबूर किया था. घरवालों ने रवि की सेना की वर्दी में फोटो भी देखी. अजय ने बताया,

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अजय ने बताया कि 21 जुलाई को उन्होंने भाई के बारे में जानकारी के लिए मॉस्को में भारतीय दूतावास को मेल भेजा था. जवाब में बताया गया कि रवि की मौत हो चुकी है. दूतावास की तरफ से कहा गया,

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अजय मौन ने बताया कि वो पिता की DNA टेस्ट रिपोर्ट जल्द ही दूतावास को भेजेंगे. रवि के परिवार ने प्रधानमंत्री मोदी से आग्रह किया है कि वो शव को भारत वापस लाने में उनकी मदद करें.

बता दें, इससे पहले जून में विदेश मंत्रालय ने यूक्रेन के साथ जंग में रूसी सेना में भर्ती हुए दो भारतीयों की मौत की पुष्टि की थी. वो सूरत और हैदराबाद के रहने वाले थे.

ये भी पढ़ें- 'मैं अभी तक जीवित हूं...भविष्य का पता नहीं', रूसी सेना में शामिल भारतीय जवान की भावुक अपील

कांग्रेस महासचिव और राज्यसभा सांसद रणदीप सिंह सुरजेवाला ने इस घटना को हृदयविदारक बताया है. उन्होंने अप्रैल में विदेश मंत्री एस जयशंकर को लेटर लिखकर रूस के कब्जे वाले यूक्रेन से हरियाणा के युवाओं को वापस लाने की मांग थी.

वीडियो: रूस में फंसे हुए भारतीयों के परिवार वालों ने PM मोदी से क्या गुहार लगाई?

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