हर बूथ का वोटिंग डेटा न छापने के लिए चुनाव आयोग ने 'नियम बदलने' की बात क्यों की?
Supreme Court में दायर अपने एफ़िडेविट में ECI ने बताया कि हड़बड़ी में फ़ॉर्म-17C अपलोड करने से मानवीय और गणितीय चूक हो सकती है. दूर-दराज़ की पोलिंग से मिली जानकारी को शामिल करने में वक़्त लगाता है.
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चुनाव आयोग ने एफ़िडेविट के ज़रिए जानकारी दी है. (फ़ोटो - इंडिया टुडे)
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