इस तस्वीर में हाथ में डंडा लिए खड़ी लड़की ABVP की कोमल शर्मा ही है, दिल्ली पुलिस ने अब माना
5 जनवरी के बाद से कोमल गायब थी, अब सामने आईं.

जवाहरलाल नेहरू यूनिवर्सिटी (JNU) में 5 जनवरी के दिन हुई हिंसा की जांच दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच कर रही है. वायरल वीडियो और वॉट्सऐप ग्रुप में हुई चैट के जरिए पुलिस इस हिंसा में शामिल लोगों का पता लगा रही है. कुछ दिन पहले एक प्रेस कॉन्फ्रेंस करके पुलिस ने हिंसा में शामिल 9 स्टूडेंट्स की पहचान उजागर की थी. अब तीन और स्टूडेंट्स की पहचान कर ली गई है. पुलिस ने वायरल वीडियो में दिखने वाली नकाबपोश लड़की की पहचान दिल्ली यूनिवर्सिटी की स्टूडेंट कोमल शर्मा के तौर पर की है. वो DU के दौलतराम कॉलेज की स्टूडेंट हैं और ABVP से जुड़ी हुई हैं.
कोमल एक वीडियो में चेक शर्ट पहने हुए, हाथ में डंडा लिए और नकाब पहने हुए दिख रही हैं. 'इंडिया टुडे' के स्टिंग ऑपरेशन में भी इस लड़की की पहचान कोमल शर्मा के तौर पर की गई थी.
पुलिस ने कोमल के अलावा रोहित शाह और अक्षत तिवारी की भी पहचान की है. तीनों को नोटिस भेजा गया है, लेकिन किसी से भी पुलिस का कॉन्टैक्ट नहीं हो सका था. क्योंकि उनके फोन स्विच ऑफ आ रहे थे. इसलिए पुलिस ने तीनों को फरार बताया था.
Delhi Police: 3 suspects in the JNU violence case - Komal Sharma, Rohit Shah, & Akshat Awasthi are absconding. Forensic Science Laboratory (FSL) team spent the entire day in retrieving CCTV footage from the server. FSL team will come again tomorrow. pic.twitter.com/T4OYW17lLl
— ANI (@ANI) January 14, 2020
ABVP क्या कहती है?
इस मामले में जब ABVP दिल्ली के स्टेट सेक्रेटरी सिद्धार्थ यादव से बात की गई, तो उन्होंने ये माना कि कोमल उनके ही संगठन की मेंबर हैं. साथ ही ये भी कहा कि वो भी कोमल से कॉन्टैक्ट नहीं कर पा रहे हैं. उन्होंने कहा,
'सोशल मीडिया पर उनके खिलाफ ट्रोलिंग हो रही है, हम उन तक पहुंचने में असमर्थ हैं. उनके बारे में आखिरी जानकारी ये मिली थी कि वो अपने परिवार के साथ हैं. उनसे कॉन्टैक्ट नहीं हो पा रहा है, तो ये भी नहीं पता कि उन्हें पुलिस का समन मिला भी है या नहीं. इस मामले में और ज्यादा जांच की जरूरत है, ताकि उनके नाम पर लगा धब्बा मिट सके. अगर उन्होंने सच में कुछ किया है, तो उन पर कार्रवाई होनी चाहिए. इसी दौरान, ABVP भी एक संगठन के तौर पर 5 जनवरी को हुई हिंसा के बारे में जांच कर रहा है. इसमें हमने ये पाया है कि हमारे संगठन के बहुत से लोग यूनिवर्सिटी में पीटे गए थे.'
कोमल आई सामने
पुलिस की तरफ से जांच से जुड़ी जानकारी और ABVP का बयान सामने आने के बाद हर कोई यही सोच रहा था कि कोमल आखिर है कहां? इस सवाल के जवाब में खुद कोमल ने फुल स्टॉप लगाया. वो सीधे राष्ट्रीय महिला आयोग पहुंच गईं. समाचार एजेंसी एएनआई ने 15 जनवरी की सुबह 10.42 पर इस बात की जानकारी दी. इस जानकारी के मुताबिक कोमल ने महिला आयोग में कहा है कि उनकी छवि को खराब किया जा रहा है. उनकी शिकायत पर महिला आयोग ने मीडिया हाउस और दिल्ली पुलिस को लेटर लिखकर इस मामले पर ध्यान देने की अपील की है.
Delhi: Komal Sharma, a student of Delhi University, approached National Commission for Women (NCW), complaining that her name has been maligned. NCW has written to the media houses as well as to Delhi Police to look into the matter.
— ANI (@ANI) January 15, 2020
रोहित शाह और अक्षत तिवारी कौन हैं?
भले ही ABVP ने ये मान लिया है कि कोमल उनके संगठन से जुड़ी हुई हैं, लेकिन रोहित शाह और अक्षत तिवारी के ABVP मेंबर होने से संगठन ने इनकार किया है. ये दोनों ही JNU में फर्स्ट ईयर के स्टूडेंट हैं. पुलिस का कहना है कि 14 जनवरी के दिन फॉरेंसिक साइंस लेबोरेटरी (FSL) की टीम ने सर्वर से सीसीटीवी फुटेज खंगालने का काम किया. आगे भी करेगी.
दिल्ली पुलिस के एडिशनल PRO अनिल मित्तल का कहना है कि दो स्टूडेंट सुचेता तालुकदार और प्रिया रंजन से हिंसा के बारे में पूछताछ हुई है. तालुकदार AISA की मेंबर हैं, जबकि प्रिया का राजनीतिक झुकाव साफ नहीं हो पाया है. तालुकदार का कहना है कि उन्होंने पुलिस को डेढ़ पेज का स्टेटमेंट दिया है.
पुलिस ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में जिन 9 स्टूडेंट की पहचान की थी, उनके नाम चुनचुन कुमार, पंकज मिश्रा, आइशी घोष (JNUSU अध्यक्ष), भास्कर विजय, सुचेता तालुकदार, प्रिया रंजन, डोलन सावंत, योगेंद्र भारद्वाज (ग्रुप के एडमिन), विकास पटेल हैं.
वीडियो देखें:

