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धर्मगुरु गाज़ी फकीर के अंतिम संस्कार में 10 हज़ार की भीड़, कोरोना गाइडलाइंस की धज्जियां उड़ाती तस्वीरें

धर्मगुरु का बेटा राजस्थान सरकार में मंत्री है.

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राजस्थान में धर्मगुरु गाजी फकीर (लेफ्ट) के अंतिम संस्कार में हज़ारों की भीड़ इकट्ठी हुई थी. (फोटो-ट्विटर)
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अमित
28 अप्रैल 2021 (अपडेटेड: 28 अप्रैल 2021, 06:16 AM IST)
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कोरोना संक्रमण के चलते सरकार मास्क और सोशल डिस्टेंसिंग की गुहार लगा-लगा कर थक गई लेकिन कुछ लोगों ने इसे न मानने की ठान ली है. राजस्थान के जैसलमेर से एक धर्मगुरु के अंतिम संस्कार की चौंकाने वाली तस्वीरें सामने आई हैं. इन तस्वीरों में कोरोना नियम-कायदों की धज्जियां उड़ती नजर आ रही हैं. अंतिम संस्कार में हजारों की भीड़ जमा हुई. जिन धर्मगुरु की मौत हुई उनके बेटे सालेह मोहम्मद राजस्थान सरकार में कैबिनेट मंत्री भी हैं.
धर्मगुरु गाज़ी फकीर 84 साल के थे. लंबे वक्त से बीमार चल रहे थे. जोधपुर के एक प्राइवेट हॉस्पिटल में उनका इलाज चल रहा था. कुछ दिनों से कोमा में थे. 27 अप्रैल को उनका निधन हो गया. उनके शव को उनके पैतृक गांव झबरा ले जाया गया. जहां बड़ी संख्या में लोग उनके अंतिम दर्शन के लिए जुटने लगे. 10 हजार लोगों की भीड़ जमा हुई आजतक की रिपोर्ट के मुताबिक, गाजी फकीर के अंतिम संस्कार में 10,000 से ज्यादा लोग पहुंचे थे. जैसलमेर और बाड़मेर के साथ आस-पास के इलाकों के लोग जमा हुए. कोरोना को लेकर सरकारी गाइडलाइंस की धज्जियां उड़ाते हुए गाज़ी फकीर की अंतिम यात्रा भी निकाली गई. बाद में झबरा गांव की दरगाह में गाजी फकीर के पिता की कब्र के पास ही मुस्लिम समाज की रीतियों के अनुसार उन्हें सुपुर्द-ए-खाक किया गया. इस दौरान न प्रशासन ने भीड़ जमा होने पर न किसी को रोका और न ही किसी पर कोई एक्शन लिया गया.
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कोरोना के सख्त नियम-कायदों के बावजूद जैसलमेर के झबरा गांव में 10 हजार से ज्यादा लोग दिवंगत गाजी फकीर को अंतिम श्रद्धांजलि देने जमा हुए. (फोटो-आजतक)

बता दें कि जीते जी खुद गाज़ी फकीर ने कहा था कि कोरोना वायरस से बचने के लिए ज़रूरी है कि लोग मास्क लगाएं और सोशल डिस्टेंसिंग मेंटेन करें. उनके बेटे सालेह मोहम्मद ने भी लोगों से अपील की थी कि कोरोना संक्रमण के चलते गाइडलाइन का पालन करें और अपने घरों में ही रहें. इसके बावजूद भारी संख्या में लोग अंतिम दर्शन के लिए पहुंचे थे. बता दें कि सालेह मोहम्मद खुद कोरोना पॉजिटिव थे.
अंतिम संस्कार में भीड़भाड़ की तस्वीरें सोशल मीडिया पर काफी वायरल भी हो रही हैं. लोग इसका वीडियो डाल कर प्रदेश सरकार से कोरोना नियम-कायदों को लेकर सवाल पूछ रहे हैं. राजस्थान के सिंधी मुसलमानों में अच्छी पकड़ असल में जैसलमेर निवासी गाजी फकीर पाकिस्तान में मुस्लिम समाज के बड़े धर्मगुरु पीर पगारों के नुमाइंदे थे. गाजी फकीर जैसलमेर, बाड़मेर सहित राजस्थान के सिंधी मुसलमानों में अच्छी खासी पकड़ रखते थे. जैसलमेर-बाड़मेर की राजनीति में मजबूत पकड़ रखने वाले गाजी फकीर का पूरा परिवार लंबे अरसे से राजनीति में सक्रिय है. पाकिस्तान के सिंध प्रांत में भी जब जब उनके निधन की खबर पहुंची तो वहां से भी शोक संदेश आने लगे. राजस्थान के सीएम अशोक गहलोत, पूर्व सीएम वसुंधरा राजे सिंधिया, कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष गोविन्द सिंह डोटासरा, सचिन पायलट सहित राज्य के दूसरे नेताओं ने उनके लिए शोक संदेश ट्वीट किए.

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