लालकिले पर अमित शाह ने CJI को इग्नोर कर दिया? इस वीडियो से और भी बातें पता चली हैं
अमित शाह और CJI चंद्रचूड़ के वायरल वीडियो की कहानी क्या है?

स्वतंत्रता दिवस समारोह के दौरान लाल किले पर CJI डीवाई चंद्रचूड़ (CJI DY Chandrachud) और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह (Amit Shah) की मुलाकात हुई. मुलाकात भी ऐसी हुई कि उसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया. उस वीडियो के बारे में सोशल मीडिया पर अलग-अलग बातें हो रही हैं. दरअसल, अमित शाह और CJI चंद्रचूड़ की मुलाकात के दो वीडियो सोशल मीडिया में तैर रहे हैं. एक वीडियो 11 सेकेंड का है और दूसरा 9 सेकेंड का. दोनों वीडियो न्यूज ANI से आए हैं.
ANI ने 11 सेकेंड वाला वीडियो शेयर करते हुए बताया कि CJI डीवाई चंद्रचूड़ और केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने लाल किले पर स्वतंत्रता समारोह के दौरान एक दूसरे का अभिवाद करते हुए बधाई दी.
इसी वीडियो से एक-दो सेकेंड काटकर एक अलग वीडियो बनाया गया, जिसे कई यूजर्स अलग मैसेज के साथ शेयर कर रहे हैं. सोशल मीडिया पर कहा जा रहा है कि अमित शाह ने CJI चंद्रचूड़ के अभिवादन का जवाब नहीं दिया और उनकी अनदेखी की. कुछ सेकेंड्स काटकर बनाया गया वीडियो नीचे देखिए.
कुछ यूजर्स ने इसे संविधान और लोकतंत्र की ताकत भी बताया. कुछ यूजर्स ने इसे भारतीय लोकतंत्र की खूबसूरत तस्वीर कह रहे हैं. लिखा जा रहा है कि ऐसी तस्वीर समय समय पर आती रहनी चाहिए. कुल मिलाकर सोशल मीडिया में चंद्रचूंड़ और अमित शाह की मुलाकात चर्चा के केंद्र में है. लोग अपने-अपने खांचे-पाले के हिसाब से बातें कर रहे हैं.
आपको बता दें कि अमित शाह लाल किले के समारोह में अपनी पत्नी सोनल शाह के साथ पहुंचे थे. वीडियो में दिखता है कि CJI चंद्रचूड़, गृहमंत्री अमित शाह की तरफ बढ़ते है. उस समय अमित शाह के हाथों में एक लिफाफा था. उस लिफाफे को अमित शाह खाली पड़ी कुर्सी पर रखते हैं और नमस्कार करते हुए CJI चंद्रचूड़ के अभिवादन का जवाब देते हैं और हाथ मिलाते हैं. उसके बाद वो पीछे मुड़ जाते हैं. इस समय चंद्रचूड़ अमित शाह के साथ आईं उनकी पत्नी सोनल शाह को नमस्कार करते हैं. यह अभिवादन गृहमंत्री की पत्नी के लिए था, नाकि अमित शाह के लिए. अमित शाह की पत्नी ने CJI के अभिवादन का जवाब दिया. यहीं पर सोशल मीडिया के महारथियों ने अपनी कलाकारी दिखा दी. आखिरी के दो सेकेंड काट दिए, जिससे ऐसा लगा कि अमित शाह ने CJI के अभिवादन का जवाब नहीं दिया और उन्हें नजरअंदाज कर दिया.
सोशल मीडिया में तिल को ताड़ और बछड़े को सांड़ बताने वाले महारथियों की कलाकारी ऐसी ही बहस खड़ी करने के काम आती है. सोशल मीडिया पर जब कहा जाए कि कौवा कान ले गया तब पहले कौवे की नहीं अपने कान की सुध लेनी चाहिए.
वीडियो: 15 अगस्त से पहले कश्मीर में तिरंगे के साथ नज़र आए आतंकियों के परिवार वालों ने क्या खुलासा किया?

