फोन के लिए लाखों लीटर पानी बर्बाद करने वाले अधिकारी को 'मीटर' के हिसाब से पैसा भरना होगा
सिंचाई विभाग ने राजेश विश्वास पर कार्रवाई की है.

छत्तीसगढ़ के फूड इंस्पेक्टर राजेश कुमार विश्वास. वही अधिकारी जिन्होंने 21 मई को कांकेर जिले के परलकोट डैम में पार्टी इंजॉय करते वक्त अपना फ़ोन गिरा दिया था और उसने निकालने के लिए लाखों लीटर पानी बहा दिया था. इस मामले में पहले उन्हें सस्पेंड किया गया था. अब राज्य के सिंचाई विभाग ने उन्हें 53,092 रुपये का भुगतान करने के लिए कहा है. इसमें 10,000 रुपये का जुर्माना भी शामिल है.
हिंदुस्तान टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक सिंचाई विभाग ने आदेश में कहा है कि राजेश कुमार विश्वास ने बिना किसी अथॉरिटी की अनुमति के डीजल पंपों का इस्तेमाल कर पानी निकाला है जो छत्तीसगढ़ सिंचाई एक्ट के तहत दंडनीय अपराध है.
आजतक से जुड़े धर्मेंद्र महापात्रा की रिपोर्ट के मुताबिक ये नोटिस सिंचाई विभाग के जगदलपुर स्थित डिवीज़नल ऑफिस ने ज़ारी किया है. विश्वास को ये राशि अगले 10 दिनों में देना का निर्देश दिया गया है. नोटिस में कहा गया है,
सिंचाई विभाग के पत्र में ये भी कहा गया है कि बिना अनुमति के पानी निकालने के लिए अधिकारी पर 10,000 रुपये का जुर्माना लगाया गया है. इस तरह विश्वास को टोटल 53092 रुपये 10 दिन के अंदर कार्यालय में जमा कराने हैं.
कांकेर कलेक्टर प्रियंका शुक्ला ने इस घटना की रिपोर्ट मांगी थी और कथित रूप से डैम से पानी निकालने की मौखिक अनुमति देने के लिए उपमंडल अधिकारी (जल संसाधन विभाग) आरसी धीवर को कारण बताओ नोटिस भी जारी किया था. बाद में राजेश विश्वास को सस्पेंड किए जाने की खबरें आई थीं.
वीडियो: अधिकारी का फोन डैम में गिरा, ढूंढने के लिए 21 लाख लीटर पानी बहा दिया, जब फोन मिला तो...

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