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बदलापुर में बच्चियों के यौन शोषण से गुस्साए लोगों ने रेलवे स्टेशन घेरा, पुलिस से झड़प हो गई

Maharashtra के Badlapur में 3 साल की दो बच्चियों के साथ यौन उत्पीड़न का मामला सामने आया है. आरोप है कि पुलिस ने मामले पर कार्रवाई करने में देरी की, जिसकी वजह से लोगों का गुस्सा फूट पड़ा.

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मानस राज
| सौरभ वक्तानिया
20 अगस्त 2024 (अपडेटेड: 20 अगस्त 2024, 04:55 PM IST)
badlapur agitation against molestation people blocked railway track
बदलापुर में रेल ट्रैक जाम करते गुस्साए लोग (फोटो-आजतक)
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महाराष्ट्र के बदलापुर (Maharashtra Badlapur Protest) में दो नाबालिग बच्चियों से स्कूल में कथित यौन उत्पीड़न का मामला सामने आया है. स्कूल के ही सफाई स्टाफ पर उत्पीड़न का आरोप है. इस घटना से नाराज़ लोगों ने बदलापुर रेलवे स्टेशन जाम कर दिया. जाम की वजह से मुंबई की लाइफ लाइन कही जाने वाली लोकल ट्रेन की सेंट्रल लाइन पर सेवाएं बाधित हो गईं है. इस दौरान प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच झड़प भी हुई. पुलिस ने भीड़ को कंट्रोल करने के लिए आंसू गैस के गोले दागे.

क्या है मामला?

पूरी घटना 12 और 13 अगस्त की है. 3 वर्षीय दो बच्चियां ठाणे के बदलापुर स्थित आदर्श विद्यालय के शिशु वर्ग की स्टूडेंट्स हैं. इन दोनों बच्चियों के साथ स्कूल में ही काम करने वाले सफाई कर्मचारी ने कथित तौर पर यौन उत्पीड़न किया. घटना के बाद बच्चियां इतना डरी हुई थीं कि वो स्कूल जाने से मना कर रही थीं. जब पैरेंट्स ने जोर देकर पूछा तब बच्चियों ने अपने साथ हुई घटना को बयान किया. 

इंडिया टुडे से जुड़े सौरभ वक्तानिया की रिपोर्ट के अनुसार, 16 अगस्त को जब बच्चियों के पैरेंट्स एफआईआर दर्ज कराने पुलिस स्टेशन पहुंचे, तब पुलिस मामला दर्ज करने में आनाकानी करती रही. आरोप है कि 12 घंटे बीतने के बाद भी पुलिस ने कोई एफआईआर दर्ज नहीं की. फिर कुछ स्थानीय नेता पुलिस स्टेशन पहुंचे. जिसके बाद FIR दर्ज हुई. आरोपी पर पॉक्सो एक्ट भी लगाया गया. जिसके बाद 17 अगस्त को आरोपी को गिरफ्तार किया गया.

सीसीटीवी खराब था

मामले की जांच के दौरान स्कूल प्रशासन ने पुलिस को बताया कि घटना के वक्त स्कूल में लगे सीसीटीवी कैमरे काम नहीं कर रहे थे. इस बात ने पीड़िता के पैरेंट्स को भड़का दिया. साथ ही इस मामले में शक की सुई स्कूल पर भी गई. ऐसा प्रतीत हुआ कि स्कूल आरोपी को बचा रहा है.

बदलापुर बंद

19 अगस्त को बच्चियों के पेरेंट्स और बदलापुर के निवासियों ने मीटिंग की. लोगों का कहना था कि स्कूल के लोगों और पुलिस पर एक्शन लिया जाए. सभी ने मिलकर 20 अगस्त को 'बदलापुर बंद' का आह्वान किया. गुस्सा जाहिर करते हुए लोगों ने रेलवे ट्रैक जाम कर दिया. रेलवे ट्रैक बंद होने से मुंबई लोकल ट्रेन की सेवाएं प्रभावित हुईं हैं. दस एक्सप्रेस ट्रेनों को डाइवर्ट किया गया है. वहीं बदलापुर से कर्जत तक की सेवाएं पूरी तरह सी ठप हैं. प्रदर्शन के दौरान जब पुलिस ने लोगों को हटाने की कोशिश की, तब भीड़ ने पुलिस पर पथराव किया. लोगों को हटाने के लिए पुलिस ने टियर गैस का भी इस्तेमाल किया. फिलहाल स्कूल के प्रिंसिपल, क्लास टीचर और लेडी ऑफिसर इंस्पेक्टर शुभदा शितोले को सस्पेंड कर दिया गया है. 

SIT का गठन

बदलापुर की घटना पर मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने कहा कि सरकार मामले को गंभीरता से ले रही है. जांच के लिए SIT का गठन किया गया है. इस SIT को आईजी रैंक की सीनियर आईपीएस अफसर आरती सिंह लीड करेंगी. इस बीच पुलिस ने लोगों से शांति बनाने की अपील की है. डीसीपी सुधाकर पठारे ने कहा कि पुलिस जांच में शहर के लोगों का सहयोग चाहती है, जिससे न्याय सुनिश्चित हो सके. अगर किसी भी बंद की वजह से जांच में बाधा आई तो उनपर भी कार्रवाई होगी. 

डिप्टी सीएम और महाराष्ट्र के गृहमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा है कि उनकी सरकार इस मामले को फास्ट ट्रैक कोर्ट में चलाने के लिए कदम उठाएगी, जिससे पीड़िता को जल्द से जल्द न्याय मिले. साथ ही जो भी दोषी हैं, उनपर कड़ी कार्रवाई होगी. ख़बर लिखे जाने तक महाराष्ट्र के मंत्री गिरीश महाजन ने प्रदर्शन कर रहे लोगों से मुलाक़ात की. मंत्री ने उन्हें हर तरह की जांच का आश्वासन दिया है. साथ ही मामले में लापरवाही बरतने वाले पुलिसकर्मियों पर भी एक्शन की बात कही है.

वीडियो: Kolkata Rape Case में Supreme Court का एक्शन, टास्क फोर्स का गठन

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